Quad Meeting 2025: क्वाड देशों ने पाकिस्तान को लगाई फटकार! पहलगाम आतंकी हमले की निंदा, चीन को भी दी ये चेतावनी

अमेरिका में हुई क्वाड देशों की बैठक में 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले की कड़ी निंदा की गई. समूह ने आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होकर दोषियों को सजा दिलाने की मांग की. इसके साथ ही क्वाड ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति की बात करते हुए चीन को भी एक कड़ा संदेश दिया.

वॉशिंगटन, अमेरिका: दुनिया के चार बड़े देशों के समूह 'क्वाड' ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले की एक सुर में कड़ी निंदा की है. अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन में 1 जुलाई को हुई क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक में भारत, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और जापान ने इस हमले को बेहद निंदनीय बताया और आतंकवाद के खिलाफ मिलकर लड़ने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई.

आतंकी हमले पर क्वाड का सख्त रुख

क्वाड देशों ने एक साझा बयान जारी किया, जिसमें 22 अप्रैल, 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़े शब्दों में निंदा की गई. इस दर्दनाक घटना में 25 भारतीय नागरिकों और एक नेपाली नागरिक की जान चली गई थी, जबकि कई लोग घायल हो गए थे.

बैठक में सभी देशों ने कहा:

क्वाड ने संयुक्त राष्ट्र के सभी सदस्य देशों से अपील की कि वे इस मामले में अधिकारियों के साथ पूरा सहयोग करें ताकि दोषियों को जल्द से जल्द सजा मिल सके.

इंडो-पैसिफिक क्षेत्र और चीन को संदेश

आतंकवाद के अलावा, क्वाड की इस बैठक का एक बड़ा मकसद इंडो-पैसिफिक (हिंद-प्रशांत) क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखना भी था. क्वाड देशों ने साफ तौर पर कहा कि वे एक ऐसे क्षेत्र के लिए प्रतिबद्ध हैं जहां सभी देश बिना किसी दबाव के रह सकें.

साझा बयान में कहा गया, "हम किसी भी ऐसी एकतरफा कार्रवाई का पुरजोर विरोध करते हैं, जो ताकत या दबाव के दम पर मौजूदा हालात को बदलने की कोशिश करती है." माना जा रहा है कि यह संदेश सीधे तौर पर चीन की आक्रामक नीतियों के लिए था, जो इस क्षेत्र में अपना दबदबा बढ़ाने की कोशिश कर रहा है.

क्वाड का नया और मजबूत एजेंडा

भविष्य के लिए अपनी योजनाओं को सामने रखते हुए क्वाड ने एक नए और महत्वाकांक्षी एजेंडे की घोषणा की, जो चार मुख्य क्षेत्रों पर केंद्रित होगा:

  1. समुद्री और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा: समुद्र में सुरक्षा और नियम-कानून बनाए रखना.
  2. आर्थिक समृद्धि: सभी के लिए आर्थिक विकास और सुरक्षा सुनिश्चित करना.
  3. नई टेक्नोलॉजी: महत्वपूर्ण और उभरती टेक्नोलॉजी पर मिलकर काम करना.
  4. मानवीय सहायता: आपदा या आपातकाल की स्थिति में एक-दूसरे की मदद करना.

भारत का करारा जवाब

गौरतलब है कि क्वाड की इस बैठक से पहले, भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की बैठक में पहलगाम हमले को लेकर कड़ा बयान दिया था. उन्होंने साफ कहा था, "हमने उस हमले का करारा जवाब दिया है. हम आगे भी अपनी जमीन पर होने वाले किसी भी आतंकी हमले का मुंहतोड़ जवाब देंगे."

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