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NASA के आर्टेमिस III मिशन में इंसानों को चांद पर उतारेगा SpaceX का स्टारशिप, 2026 में होगी ऐतिहासिक लैंडिंग

नासा के आर्टेमिस III मिशन में स्पेसएक्स का स्टारशिप चांद पर मानव लैंडिंग के लिए अहम भूमिका निभाएगा. इस विशेष स्टारशिप मॉडल में हीट शील्ड और फ्लैप्स हटाकर लैंडिंग लेग्स जोड़े जाएंगे, जिससे यह चांद की सतह पर उतरने में सक्षम होगा. 2026 में यह मिशन मानवता के चांद पर वापसी का ऐतिहासिक पल होगा.

NASA के आर्टेमिस III मिशन में इंसानों को चांद पर उतारेगा SpaceX का स्टारशिप, 2026 में होगी ऐतिहासिक लैंडिंग

NASA के आर्टेमिस III मिशन के साथ, मानवता चांद पर एक ऐतिहासिक वापसी करने के लिए तैयार है. यह मिशन 2026 में लॉन्च होने की संभावना है और इसमें इंसान को चाँद की सतह पर भेजने का कार्य होगा, जो 1972 के बाद पहली बार होगा. खास बात यह है कि इस मिशन के लिए नासा ने स्पेसएक्स के Starship को चुना है, जो अंतरिक्ष यात्रा में एक नया क्रांतिकारी कदम साबित हो सकता है.

स्टारशिप का स्पेशल वर्जन

स्पेसएक्स के संस्थापक एलन मस्क ने इस बारे में कुछ महत्वपूर्ण जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि स्टारशिप का एक विशेष संस्करण तैयार किया जा रहा है, जिसे विशेष रूप से आर्टेमिस III मिशन के लिए डिजाइन किया जाएगा. इस संस्करण में, सामान्य heat shield (जो अंतरिक्ष यात्रा के दौरान गर्मी को नियंत्रित करता है) और फ्लैप्स को हटा दिया जाएगा, जबकि इसके स्थान पर लैंडिंग लेग्स जोड़े जाएंगे. यह विशेष संस्करण केवल trans lunar orbit और चाँद की सतह के बीच उपयोग किया जा सकेगा, क्योंकि इसमें हीट शील्ड और फ्लैप्स नहीं होंगे, जो सामान्य अंतरिक्ष यात्रा के दौरान आवश्यक होते हैं.

यह बदलाव स्टारशिप को चांद पर सफलतापूर्वक उतारने और फिर उसे सुरक्षित रूप से वापस लाने में सक्षम बनाएगा, क्योंकि यह विशेष रूप से चाँद की कक्षा के भीतर और बाहर यात्रा के लिए उपयुक्त होगा. एलन मस्क ने इस योजना को लेकर कई बार अपनी योजना की पुष्टि की है, जिसमें उन्होंने कहा है कि यह बदलाव न केवल स्टारशिप को चाँद पर लैंड करने के लिए सक्षम बनाएगा, बल्कि इससे मिशन की कुल लागत और समय भी कम होगा.

Artemis III मिशन क्या है?

आर्टेमिस III मिशन नासा का हिस्सा है, जो चांद के दक्षिणी ध्रुव पर उतरने के लिए तैयार है. यह स्थान अत्यधिक वैज्ञानिक महत्व का है, क्योंकि यहां पानी और अन्य संसाधन होने की संभावना है, जो भविष्य के अंतरिक्ष मिशनों के लिए महत्वपूर्ण हो सकते हैं. यह मिशन न केवल पुरुषों, बल्कि पहली बार एक महिला और एक रंगीन व्यक्ति को भी चाँद पर भेजेगा, जो नासा के समावेशी दृष्टिकोण को दर्शाता है.

स्पेसएक्स का Starship चाँद की कक्षा में Orion spacecraft से जुड़कर अंतरिक्ष यात्रियों को चाँद पर उतारेगा. यह मानव लैंडिंग सिस्टम (HLS) के रूप में कार्य करेगा, और जब यह चाँद पर पहुंचेगा, तो अंतरिक्ष यात्री इस विशेष वाहन का उपयोग करेंगे. सबसे खास बात यह है कि स्टारशिप का डिजाइन केवल चाँद की सतह पर उतरने के लिए है, इसके लिए कोई अतिरिक्त सुरक्षा उपकरण जैसे हीट शील्ड की आवश्यकता नहीं होगी.

स्टारशिप की मिशन प्रक्रिया

स्टारशिप को पहले पृथ्वी की कक्षा में एक डिपो से ईंधन मिलेगा, ताकि यह चाँद की कक्षा तक सुरक्षित रूप से पहुंच सके. इसके बाद यह चाँद के पास आएगा और वहां से एक सुरक्षित लैंडिंग करेगा. मिशन के दौरान, Orion spacecraft और स्टारशिप दोनों एक दूसरे से जुड़े रहेंगे, और दो अंतरिक्ष यात्री चाँद पर उतरने के बाद वापस Orion में लौटेंगे.

यह प्रक्रिया मिशन की पूरी जटिलता और अंतरिक्ष यात्रा के लिए आवश्यक तकनीकी विकास को दर्शाती है. जब मिशन सफलतापूर्वक पूरा होगा, तो यह चाँद पर इंसान के उतरने का पहला कदम साबित होगा और अंतरिक्ष अन्वेषण में एक नई क्रांति की शुरुआत करेगा.

आर्टेमिस III मिशन का महत्व केवल इसलिए नहीं है क्योंकि यह इंसान को चाँद पर वापस ले जाएगा, बल्कि यह भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह Starship की नई तकनीकी उपलब्धियों को दर्शाता है, जो भविष्य में मंगल ग्रह जैसे अन्य ग्रहों की यात्रा के लिए एक मील का पत्थर साबित हो सकता है. यदि यह मिशन सफल होता है, तो यह न केवल अंतरिक्ष यात्रा की एक नई दिशा को प्रदर्शित करेगा, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगा.

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 21, 2024 09:39 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).