Maharana Pratap Punyatithi 2026 Messages: महाराणा प्रताप को नमन! इन हिंदी Quotes, SMS, HD Images के जरिए दें उन्हें श्रद्धांजलि
महाराणा प्रताप पुण्यतिथि 2026 (Photo Credits: File Image)

Maharana Pratap Punyatithi 2026 Messages in Hindi: भारत के स्वर्णिम इतिहास में जब भी वीरता और अटूट स्वाभिमान की बात होती है, तो महाराणा प्रताप का नाम सबसे ऊपर आता है. आज देश उनकी पुण्यतिथि मना रहा है. महाराणा प्रताप न केवल एक कुशल रणनीतिकार थे, बल्कि उनके शारीरिक बल और युद्ध कौशल के किस्से आज भी दुनिया भर में मशहूर हैं. 30 वर्षों तक निरंतर प्रयास के बावजूद मुगल सम्राट अकबर उन्हें न तो कभी बंदी बना सका और न ही हरा सका. महाराणा प्रताप का व्यक्तित्व किसी महामानव से कम नहीं था. ऐतिहासिक दस्तावेजों के अनुसार, उनकी लंबाई 7 फीट 5 इंच और वजन लगभग 110 किलो था. वे मैदान में 81 किलो का भाला और छाती पर 72 किलो का भारी कवच पहनकर उतरते थे. उनके जूते और दो तलवारों का वजन मिलाकर वे कुल 208 किलो का भार लेकर युद्ध लड़ते थे. अपने प्रिय घोड़े चेतक की सुरक्षा के लिए वे उसे हाथी का मुखौटा पहनाते थे, ताकि दुश्मन के हाथी उसे अपना ही बच्चा समझकर हमला न करें.

मेवाड़ के वीर योद्धा और महान राजा महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि के अवसर पर देशभर में लोग उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं और उनकी शौर्य गाथाओं को याद करते हैं. महाराणा प्रताप जी की पुण्यतिथि 19 जनवरी को मनाई जाती है. ऐसे में आप इन हिंदी मैसेजेस, कोट्स, एसएमएस, एचडी इमेजेस को शेयर करके उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर सकते हैं. यह भी पढ़ें: Swami Vivekananda Jayanti 2026 Quotes: स्वामी विवेकानंद जयंती पर दोस्तों-रिश्तेदारों संग शेयर करें उनके ये 10 प्रेरणादायी विचार

1- शौर्य की एक नई परिभाषा लिखी थी,
बुलंदी की एक नई गाथा लिखी थी,
मरे हुए भारत में जिसने नई जान फूंकी थी,
उस महाराणा प्रताप को विनम्र श्रद्धांजलि.
महाराणा प्रताप को शत-शत नमन

महाराणा प्रताप पुण्यतिथि 2026 (Photo Credits: File Image)

2- राष्ट्र और धर्म की रक्षा हेतु,
अपना जीवन अर्पण करने वाले,
वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की पुण्यतिथि पर,
उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि…
महाराणा प्रताप को शत-शत नमन

महाराणा प्रताप पुण्यतिथि 2026 (Photo Credits: File Image)

3- साहस का प्रतीक नीले घोड़े पर सवार,
वीरता का प्रतीक मेवाड़ी सरदार,
हिंदुओं की शान है आज भी,
जिनका नाम है महाराणा प्रताप.
महाराणा प्रताप को शत-शत नमन

महाराणा प्रताप पुण्यतिथि 2026 (Photo Credits: File Image)

4- सूरज का तेज भी फीका पड़ता था,
जब राणा तू अपना मस्तक ऊंचा करता था,
थी राणा तुझमें कोई बात निराली,
इसलिए अकबर भी तुझसे डरता था.
महाराणा प्रताप को शत-शत नमन

महाराणा प्रताप पुण्यतिथि 2026 (Photo Credits: File Image)

5- वीरों के साथ ही वीर रहते हैं,
राणा के घोड़े को चेतक कहते हैं,
आज उस वीर योद्धा की पुण्यतिथि है,
जिसे हम महाराणा प्रताप कहते हैं.
महाराणा प्रताप को शत-शत नमन

महाराणा प्रताप पुण्यतिथि 2026 (Photo Credits: File Image)

18 जून 1576 को हुआ हल्दीघाटी का युद्ध विश्व इतिहास के सबसे साहसी संघर्षों में गिना जाता है। इस युद्ध में महाराणा प्रताप के पास मात्र 20 हजार सैनिक थे, जबकि अकबर की सेना में 85 हजार से अधिक योद्धा थे. महज 3 घंटे तक चले इस भीषण युद्ध में प्रताप की सेना ने अकबर के 50 हजार सैनिकों को धूल चटा दी थी. यह युद्ध अनिर्णायक रहा—अकबर इसे जीत न सका और प्रताप ने कभी हार नहीं मानी.

निजी जीवन की बात करें तो महाराणा प्रताप की कुल 14 पत्नियां थीं. उनकी पहली पत्नी महारानी अजबदे कुंवर अपनी सुंदरता और बुद्धिमत्ता के लिए पूरे मेवाड़ में प्रसिद्ध थीं. उनके 17 बेटे और 5 बेटियां थीं, जिन्होंने आगे चलकर मेवाड़ की परंपरा को आगे बढ़ाया. कहा जाता है कि अपनी नई राजधानी 'चांवड़' में धनुष की प्रत्यंचा (डोर) खींचते समय उनकी आंत में गहरी चोट लग गई थी. इसी चोट के कारण 19 जनवरी 1597 को 57 वर्ष की आयु में उनका निधन हो गया. जब उनकी मृत्यु की खबर अकबर को मिली, तो वह भी स्तब्ध रह गया और उसकी आंखों से आंसू छलक पड़े थे.