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Holi 2025 Mehndi Design: होली पर ये खूबसूरत मेहंदी डिजाइन अपनी हथेलियों पर रचाकर त्यौहार को बनाएं ख़ास, देखें ट्यूटोरियल वीडियो

होली (Holi) जिसे "रंगों का त्योहार" भी कहा जाता है सबसे जीवंत और रंगीन हिंदू त्योहारों में से एक है और इसे बहुत उत्साह और खुशी के साथ मनाया जाता है. ज़्यादातर जगहों पर होली दो दिनों तक मनाई जाती है. होली के पहले दिन को होलिका दहन, जलावाली होली या छोटी होली के नाम से जाना जाता है...

Holi 2025 Mehndi Design: होली पर ये खूबसूरत मेहंदी डिजाइन अपनी हथेलियों पर रचाकर त्यौहार को बनाएं ख़ास, देखें ट्यूटोरियल वीडियो
होली मेहंदी डिजाइन (Photo: YouTube)

Holi 2025 Mehndi Design: होली (Holi) जिसे "रंगों का त्योहार" भी कहा जाता है सबसे जीवंत और रंगीन हिंदू त्योहारों में से एक है और इसे बहुत उत्साह और खुशी के साथ मनाया जाता है. ज़्यादातर जगहों पर होली दो दिनों तक मनाई जाती है. होली के पहले दिन को होलिका दहन, जलावाली होली या छोटी होली के नाम से जाना जाता है, इस दिन लोग होलिका की पूजा करते हैं और उसे आग में जलाते हैं, जबकि होली के दूसरे दिन, जिसे रंगवाली होली या धुलंडी के नाम से जाना जाता है, सूखे गुलाल और पानी के रंगों का त्योहार है और इसे होली का मुख्य दिन माना जाता है. यह भी पढ़ें: VIDEO: काशी के मणिकर्णिका घाट पर मसान होली! बनारस में चिताओं की राख से खेली जाने वाली HOLI का विरोध क्यों? वाराणसी में आस्था बनाम परंपरा पर छिड़ी बहस

होली की उत्पत्ति एक हिंदू पौराणिक कहानी से जुड़ी हुई है जिसमें हिरण्यकश्यप ने अपने बेटे प्रह्लाद को जिंदा जलाने की कोशिश की थी. हालांकि, प्रह्लाद आग की लपटों से बच गया, जबकि उसकी बहन होलिका को न जलने का वरदान होने के बाद भी वह जल गई, जिसने त्योहार की आध्यात्मिक नींव रखी. यही कारण है कि होली के एक दिन पहले होलिका दहन के रूप में अग्नि जलाकर होली मनाई जाती है, जो बुराई पर भक्ति और धार्मिकता की विजय का प्रतीक है. होली से एक दिन पहले लोग अपने हाथों में मेहंदी रचाते हैं, इस दिन अगर आप भी अपने हाथों में मेहंदी रचाना चाहते हैं तो हम ले आये हैं कुछ लेटेस्ट मेहंदी डिजाइन जिनमें से आपना कुछ पसंद कर सकते हैं.

होली स्पेशल आसान मेहंदी डिजाइन:

होली स्पेशल मेहंदी डिजाइन:

होली स्पेशल गोल टिक्की मेहंदी डिजाइन:

हैप्पी होली मेहंदी डिजाइन:

द्रिक पंचांग के अनुसार होलिका दहन गुरुवार, 13 मार्च, 2025 की शाम को मनाया जाएगा, जबकि रंगारंग उत्सव शुक्रवार, 14 मार्च, 2025 को मनाया जाएगा. जबकि होलिका दहन पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन करता है और पुजारियों द्वारा निर्धारित शुभ समय पर किया जाता है, रंगवाली होली सहजता पर आधारित होती है, जो एकता और सकारात्मकता के आनंदमय उत्सव में विभिन्न पृष्ठभूमि के लोगों को एक साथ लाती है.

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 10, 2025 11:50 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).