Guru Purnima 2025 Messages: हैप्पी गुरु पूर्णिमा! अपने गुरुजनों संग शेयर करें ये हिंदी WhatsApp Wishes, Quotes, GIF Greetings और Photo SMS
गुरु पूर्णिमा 2025 (Photo Credits: File Image)

Guru Purnima 2025 Messages in Hindi: इस साल गुरु पूर्णिमा (Guru Purnima) 10 जुलाई 2025, गुरुवार को मनाई जा रही है, जबकि इस पर्व को हर साल आषाढ़ मास की पूर्णिमा (Ashadha Purnima) तिथि को मनाया जाता है. इस दिन पवित्र नदी में स्नान करने और दान-पुण्य करने का विशेष महत्व बताया जाता है. इस दिन जगत के पालनहार भगवान विष्‍णु (Bhagwan Vishnu) और मां लक्ष्‍मी (Mata Lakshmi) की पूजा-अर्चना की जाती है. इसके साथ ही इस दिन घरों में सत्यनारायण भगवान की कथा सुनने का भी महत्व बताया गया है. इसके अलावा ऐसी मान्यता है कि इस दिन पवित्र नदी में स्‍नान करने से आपको हर तरह के पाप से मुक्ति मिलती है और महापुण्‍य की प्राप्ति होती है. गुरु पूर्णिमा को आषाढ़ पूर्णिमा, व्यास पूर्णिमा (Vyas Purnima) और वेद व्यास जयंती (Ved Vyas Jayanti) के नाम से भी जाना जाता है.

गुरु पूर्णिमा का पर्व गुरु और शिष्य के पवित्र बंधन को समर्पित है. इस दिन लोग अपने आध्यात्मिक गुरुओं के साथ-साथ अकादमिक गुरुओं के प्रति सम्मान जाहिर करते हैं और मार्गदर्शन करने के लिए उनका आभार व्यक्त करते हैं. इस पावन अवसर पर आप इन हिंदी मैसेजेस, वॉट्सऐप विशेज, कोट्स, जीआईएफ ग्रीटिंग्स, फोटो एसएमएस को भेजकर अपने गुरुजनों को हैप्पी गुरु पूर्णिमा विश कर सकते हैं.

1- गुरु को पारस जानिए,
करे लौह को स्वर्ण,
शिष्य और गुरु जगत में,
केवल दो ही वर्ण.
हैप्पी गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा 2025 (Photo Credits: File Image)

2- ​गुरु की महिमा न्यारी है,
अज्ञानता को दूर करके,
ज्ञान की ज्योत जलाई है,
गुरु की महिमा न्यारी है…
हैप्पी गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा 2025 (Photo Credits: File Image)

3- गुरुर्ब्रम्हा गुरुर्विष्णु गुरुर्देवो महेश्वरः
गुरुः साक्षात्परब्रह्मा तस्मै श्री गुरुवे नमः
हैप्पी गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा 2025 (Photo Credits: File Image)

4- गुरु बिना ज्ञान नहीं, ज्ञान बिना आत्मा नहीं,
ध्यान, ज्ञान, धैर्य और कर्म सब गुरु की ही देन है.
हैप्पी गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा 2025 (Photo Credits: File Image)

5- गुरु गोविन्द दोऊ खड़े, काके लागूं पाय,
बलिहारी गुरू अपने गोविन्द दियो बताय.
हैप्पी गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा 2025 (Photo Credits: File Image)

पौराणिक मान्‍यताओं के अनुसार, आषाढ़ पूर्णिमा के दिन महान गुरु महर्षि वेद व्यास जी का जन्म हुआ था, इसलिए हर साल इस दिन को गुरु पूर्णिमा के रूप में मनाते हैं. यह दिन वेद व्यास जी को समर्पित है, जिन्होंने ब्रह्मसूत्र, महाभारत, श्रीमद्भावत और अट्ठारह पुराण जैसे अद्भुत साहित्यों की रचना की. गुरु पूर्णिमा के दिन लोग अपने गुरुओं के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए उनके चरण स्पर्श करते हैं और उनका आशीर्वाद लेते हैं. इस दिन कई जगहों पर गुरु-शिष्य परंपरा को दर्शाने वाले नाटक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है. इसके साथ ही दान-पुण्य जैसे शुभ कार्य भी किए जाते हैं.