यूपी में अब शराब, बीयर की दुकानों के साइनबोर्ड पर नहीं दिखेगा 'सरकारी' और 'ठेका' शब्द, योगी सरकार का आदेश
अभी तक उत्तर प्रदेश में सरकारी शराब का ठेका, सरकारी बीयर की दुकान, सरकारी भांग ठेका जैसे कई शब्दों का इस्तेमाल होता था. लेकिन इस आदेश के बाद सभी शराब, बीयर और भांग की दुकानों के साइनबोर्ड से सरकारी और 'ठेका' शब्द हटा दिए हैं.
लखनऊ: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में अब आपको शराब, बीयर या भांग की दुकनों पर 'सरकारी' और 'ठेका' शब्द लिखा दिखाई नहीं देगा. सूबे की योगी सरकार (Yogi Adityanath Govt) ने इन शब्दों के इस्तेमाल पर पाबंदी लगा दी है. इसके बाद अब सभी शराब, बीयर और भांग की दुकानों के साइनबोर्ड से 'सरकारी' और 'ठेका' शब्द हटा दिए गए हैं. यह कार्रवाई बुधवार को की गई. आबकारी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि 'ऊपर' से आए आदेश के अनुपालन के क्रम में यह कार्रवाई की गई है.
अभी तक उत्तर प्रदेश में सरकारी शराब का ठेका, सरकारी बीयर की दुकान, सरकारी भांग ठेका जैसे कई शब्दों का इस्तेमाल होता था. लेकिन इस आदेश के बाद सभी शराब, बीयर और भांग की दुकानों के साइनबोर्ड से सरकारी और 'ठेका' शब्द हटा दिए हैं. MSME सेक्टर में यूपी लिख रहा नई दास्तान, निवेशकों के खिले चेहरे.
बता दें कि शराब, बीयर व भांग की दुकानों के लाइसेंस प्रदेश सरकार ही जारी करती है इसलिए इन दुकानों पर सरकारी शब्द लिखा जाता था. जिससे पता चल सके कि यह दुकान सरकार से लाइसेंस प्राप्त है. लेकिन योगी सरकार को शराब/बीयर जैसी दुकानों पर सरकारी और ठेका जैसे शब्द ठीक नहीं लगे इसलिए सरकार ने इन्हें हटाने के आदेश दिए. स्थापना दिवस पर सीएम योगी ने शिक्षा के क्षेत्र में दी कई सौगातें, सिविल सर्विस और NDA की कोचिंग हुई फ्री.
इसके अलावा अगर आप उत्तर प्रदेश में रहते हैं और घर में बार की व्यवस्था कर रहे हैं, तभी भी आपको सरकार से लाइसेंस लेना होगा. नई आबकारी नीति के अनुसार घर में 6 लीटर से ज्यादा शराब या बीयर रखने पर जिला कलेक्ट्रेट से लाइसेंस लेना जरूरी होगा. यह लाइसेंस एक साल के लिए वैलिड होगा और आपको हर साल इसे रिन्यू कराना होगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 28, 2021 03:14 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

