Union Budget 2026: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज संसद में 11 बजे पेश करेंगी आम बजट, जानें सरकार के पिटारे में देश के लिए क्या हो सकता है खास?

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट पेश करेंगी. यह आजाद भारत के इतिहास में पहली बार है जब बजट रविवार को पेश किया जा रहा है. बजट में बुनियादी ढांचे, रोजगार और मध्यम वर्ग के लिए टैक्स राहत पर मुख्य ध्यान रहने की उम्मीद है.

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Union Budget 2026-27: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ( आज सुबह 11 बजे संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट पेश करेंगी. स्वतंत्र भारत के इतिहास में यह पहला मौका है जब देश का आम बजट रविवार को पेश किया जा रहा है. सीतारमण का यह लगातार नौवां बजट भाषण होगा, जिसके साथ ही वह मोरारजी देसाई के 10 बजटों के ऐतिहासिक रिकॉर्ड के और करीब पहुंच जाएंगी.

अर्थव्यवस्था के लिए 'संडे सरप्राइज' की उम्मीद

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार के इस बजट से आम जनता और निवेशकों को काफी उम्मीदें हैं. हाल ही में पेश किए गए आर्थिक सर्वेक्षण (Economic Survey 2026) में भारत की जीडीपी वृद्धि दर 6.8% से 7.2% के बीच रहने का अनुमान लगाया गया है. ऐसे में सरकार का प्रयास होगा कि इस वृद्धि की गति को बनाए रखा जाए और वैश्विक चुनौतियों, जैसे कि अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ और व्यापार युद्ध की स्थिति से घरेलू बाजार को सुरक्षित किया जाए. यह भी पढ़े:  Union Budget 2026 Live Streaming: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज लगातार 9वीं बार पेश करेंगी बजट, विकास और निवेश पर रहेगा फोकस; यहां देखें स्पीच लाइव

मध्यम वर्ग और टैक्सपेयर्स के लिए संभावित राहत

विशेषज्ञों का मानना है कि नई कर व्यवस्था (New Tax Regime) को और आकर्षक बनाने के लिए सरकार कुछ बड़े कदम उठा सकती है.

बुनियादी ढांचा और प्रमुख क्षेत्रों पर फोकस

बजट में 'विकसित भारत 2047' के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए बुनियादी ढांचे (Infrastructure) पर खर्च जारी रहने की उम्मीद है.

राजकोषीय घाटा और वैश्विक चुनौतियां

सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती वित्तीय अनुशासन बनाए रखने की है. लक्ष्य यह है कि राजकोषीय घाटे (Fiscal Deficit) को सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के 4.4% से नीचे लाया जाए. वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और अंतरराष्ट्रीय व्यापार में बढ़ते तनाव के बीच, वित्त मंत्री को आय और व्यय के बीच एक बारीक संतुलन बनाना होगा.

शेयर बाजार में रहेगा कामकाज

आमतौर पर शनिवार और रविवार को शेयर बाजार बंद रहता है, लेकिन बजट की महत्ता को देखते हुए आज शेयर बाजार (NSE और BSE) खुले रहेंगे. निवेशक वित्त मंत्री की घोषणाओं पर बारीकी से नजर रखेंगे, जिसका असर सीधे तौर पर बाजार की दिशा तय करेगा.

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