Bharat Bandh: मेरठ के बाजारों में नहीं दिखा ‘भारत बंद’ का असर, कई नेता नजरबंद
नए कृषि कानूनों के खिलाफ मंगलवार को किसान संगठनों के ‘भारत बंद’ के आह्वान का उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में कोई खास असर नहीं दिखा।
मेरठ (उप्र), 8 दिसंबर : नए कृषि कानूनों के खिलाफ मंगलवार को किसान संगठनों के ‘भारत बंद’ के आह्वान का उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में कोई खास असर नहीं दिखा. ‘भारत बंद’ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने व्यापक स्तर पर तैयारियां की हैं. मेरठ में सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं. पुलिस ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कांग्रेस, रालोद और सपा के कई नेताओं को नजरबंद कर दिया है. मेरठ में किसानों ने पूर्वाह्न करीब 11 बजे राजमार्ग पर चक्का जाम करना किया. इस दौरान भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद रहा.
मेरठ में कृषि कानूनों के विरोध में भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) समेत किसान संगठनों ने मंगलवार को मुख्य मार्गों पर चक्का जाम कर दिया. Farmers Protest: सिंधु बॉर्डर पर धरने पर बैठे सोनीपत के किसान की मौत, परिजन बोले- ठंड लगने से गई जान.
भाकियू जिलाध्यक्ष मनोज त्यागी ने बताया कि मेरठ-करनाल राजमार्ग पर दबथुवा, मेरठ-बागपत रोड़ पर जानी खुर्द, मेरठ-पौडी राजमार्ग पर मवाना खुर्द, दिल्ली-दून बाइपास पर जटौली कट और भूडबराल चौराहे पर भाकियू के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं एवं किसानों ने चक्का जाम कर दिया.इस दौरान मुख्य मार्गों एवं राजमार्गों पर यातायात ठप होने से लोग परेशान हो गए. राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के मंडल अध्यक्ष रामवीर सिंह ने बताया कि उनके संगठन ने मवाना में जाम लगाया है.
भाकियू (तोमर गुट) के प्रवक्ता सुशील पटेल ने बताया कि छोटा मवाना में पौड़ी राजमार्ग बाधित किया जा रहा है. भारतीय किसान आंदोलन के अध्यक्ष कुलदीप त्यागी ने बताया कि गढ़ रोड पर गांव दतावली गेट स्थित यासीन कोल्ड स्टोर के सामने जाम लगाया गया है. मेरठ के बाजारों में बंद का असर नहीं दिखा और दुकानें खुली रहीं. बाजारों में पुलिस बल लगातार गश्त कर रहे हैं. इस बीच, कांग्रेस प्रवक्ता हरिकिशन आंबेडकर के अनुसार, पुलिस ने कांग्रेस जिलाध्यक्ष अवनीश काजला को सोमवार देर रात नज़रबन्द कर दिया.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 08, 2020 01:50 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

