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‘Thakur Hoon…Yahi Pe Thok Denge’: ठाकुर वाले बयान पर HDFC बैंक कर्मी आस्था सिंह का वीडियो वायरल होने के बाद सफाई, बताया विवाद का पूरा सच; VIDEO

कानपुर के एचडीएफसी बैंक की कर्मचारी आस्था सिंह ने अपने वायरल वीडियो पर सफाई दी है. उन्होंने दावा किया कि यह वीडियो 6 जनवरी का है और विवाद किसी ग्राहक से नहीं, बल्कि एक सहकर्मी के पति से हुआ था जिन्होंने उनकी जाति पर टिप्पणी की थी.

‘Thakur Hoon…Yahi Pe Thok Denge’: ठाकुर वाले बयान पर HDFC बैंक कर्मी आस्था सिंह का वीडियो वायरल होने के बाद सफाई, बताया विवाद का पूरा सच; VIDEO
(Photo Credits: X/@priyarajputlive)

‘Thakur Hoon…Yahi Pe Thok Denge’:  उत्तर प्रदेश के कानपुर में पनकी स्थित एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) की शाखा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो में बैंक कर्मचारी आस्था सिंह एक व्यक्ति के साथ तीखी बहस करती और अपनी जाति (ठाकुर) का हवाला देते हुए आक्रामक व्यवहार करती नजर आ रही हैं. वीडियो के वायरल होने के बाद मचे हंगामे पर अब आस्था सिंह ने अपनी आधिकारिक सफाई पेश की है. उन्होंने स्पष्ट किया है कि वीडियो को गलत संदर्भ में फैलाया जा रहा है और वह व्यक्ति कोई ग्राहक नहीं था.

सहकर्मी के पति से हुआ था विवाद

आस्था सिंह ने सोमवार देर रात जारी एक बयान में बताया कि वायरल वीडियो हालिया नहीं बल्कि 6 जनवरी 2026 का है. उन्होंने दावा किया कि विवाद बैंक की ही एक पूर्व महिला कर्मचारी के पति के साथ हुआ था. आस्था के अनुसार, वह महिला कर्मचारी इस्तीफा देकर तुरंत रिलीव होना चाहती थी, जिसे लेकर पहले कार्यालय में बहस हुई. बाद में उस महिला के पति बैंक पहुंचे और बैंकिंग समय के बाद उनके साथ अभद्रता की.

आस्था सिंह की सफाई

जाति सूचक टिप्पणी पर दी प्रतिक्रिया

वीडियो में "ठाकुर हूं मैं" कहने के पीछे का कारण बताते हुए आस्था ने आरोप लगाया कि उस व्यक्ति ने पहले उनकी जाति पूछी थी और उन्हें धमकी देते हुए कहा था कि "तुम्हारी सारी गर्मी निकाल दूंगा."

  • आस्था का तर्क: उन्होंने कहा कि जब उनके आत्मसम्मान और जाति पर चोट की गई, तब उन्होंने गुस्से में प्रतिक्रिया दी.

  • लैपटॉप उठाने का मामला: वीडियो में वह लैपटॉप उठाकर डराती दिख रही हैं, जिस पर उन्होंने कहा कि उन्हें उकसाया गया था और डराया गया था कि वे उन्हें नौकरी से निकलवा देंगे.

बैंक की कार्रवाई और जांच

एचडीएफसी बैंक ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए आंतरिक जांच (Internal Probe) शुरू कर दी है. बैंक ने एक बयान में कहा कि वे अपने कर्मचारियों से पेशेवर व्यवहार की अपेक्षा करते हैं और किसी भी प्रकार की अभद्रता के प्रति उनकी 'जीरो टॉलरेंस' नीति है.

  • वर्तमान स्थिति: सूत्रों के अनुसार, जांच पूरी होने तक आस्था सिंह को 'प्रशासनिक अवकाश' (Administrative Leave) पर भेज दिया गया है.

  • पुलिस संज्ञान: कानपुर पुलिस ने भी मामले को संज्ञान में लिया है, हालांकि अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से कोई औपचारिक प्राथमिकी (FIR) दर्ज नहीं कराई गई है.

सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रिया

जहाँ एक ओर सोशल मीडिया पर लोग आस्था सिंह के व्यवहार को अनप्रोफेशनल बताकर उन्हें नौकरी से निकालने की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ लोग उनके पक्ष में भी खड़े हैं. समर्थकों का कहना है कि वीडियो को जानबूझकर काट-छाँट कर वायरल किया गया है ताकि केवल एक पक्ष ही दिखाई दे. आस्था ने अपने स्पष्टीकरण के अंत में यह भी दोहराया कि उन्हें "ठाकुर होने पर गर्व है" और उन्होंने कभी किसी ग्राहक के साथ बुरा व्यवहार नहीं किया.

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(The above story first appeared on LatestLY on Feb 10, 2026 11:38 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).