शिवसेना का बीजेपी पर फिर वार, सामना में लिखा- कुछ मंत्रियों को राज्य की जनता से ज्यादा अपने सरकारी बंगले और गाड़ी की चिंता
महाराष्ट्र (Maharashtra) में सरकार बनाने के लिए शिवसेना-बीजेपी (Shiv Sena-BJP) के बीच चल रही खींचतान लगातार जारी है. दोनों ही दलों की कोई बात बनती नजर नहीं आ रही है. इससे साफ हो लग रहा है कि अभी समय और भी लग सकता है. इसी बीच दोनों ही दलों के नेता एक दूसरे पर जमकर पलटवार कर रहे हैं. शिवसेना ने एक बार फिर से मुखपत्र सामना के माध्यम से बीजेपी पर तंज कसते हुए कहा कि कई मौजूदा मंत्रियों को इस बात की चिंता सता रही है कि उनकी गाड़ी और बंगला न छीन जाए. तो कुछ लोग थैली की भाषा बोल रहे हैं. शिवसेना ने तंज कसते हुए कहा कि सूबे में बेकिमत की राजनीति शिवसैनिक चलने नहीं देंगे. शिवसेना ने विधायकों के टूटने का डर लेकर फिक्रमंद है. बिना नाम लिये बीजेपी पर हमला बोला है.
महाराष्ट्र (Maharashtra) में सरकार बनाने के लिए शिवसेना-बीजेपी (Shiv Sena-BJP) के बीच चल रही खींचतान लगातार जारी है. दोनों ही दलों की कोई बात बनती नजर नहीं आ रही है. इससे साफ हो लग रहा है कि अभी समय और भी लग सकता है. इसी बीच दोनों ही दलों के नेता एक दूसरे पर जमकर पलटवार कर रहे हैं. शिवसेना ने एक बार फिर से मुखपत्र सामना के माध्यम से बीजेपी पर तंज कसते हुए कहा कि कई मौजूदा मंत्रियों को इस बात की चिंता सता रही है कि उनकी गाड़ी और बंगला न छीन जाए. तो कुछ लोग थैली की भाषा बोल रहे हैं. शिवसेना ने तंज कसते हुए कहा कि सूबे में बेकिमत की राजनीति शिवसैनिक चलने नहीं देंगे. शिवसेना ने विधायकों के टूटने का डर लेकर फिक्रमंद है. बिना नाम लिये बीजेपी पर हमला बोला है.
मुखपत्र सामना में लिखा, राज्य में पिछली सत्ता का उपयोग अगली सत्ता के लिए ‘थैलियां’ बांटने में हो रहा है. महाराष्ट्र की जनता चाहती है कि सूबे में शिवसेना की सरकार बने. इसी बीच बीजेपी और सेना के कई नेता गवर्नर भगत सिंह कोश्यारी से मुलाकात करेंगे. इससे पहले शिवसेना नेता संजय राउत ने पार्टी के मुखपत्र सामना पर टिप्पणी को लेकर मंगलवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फड़णवीस पर निशाना साधा था. इससे पहले खींचतान के बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के अध्यक्ष शरद पवार ने कहा है कि राज्य में सरकार बनाने के लिए एकमात्र व्यवहार्य विकल्प भारतीय जनता पार्टी (BJP) और शिवसेना है. पवार ने कहा, बीजेपी-शिवसेना 25 साल से सहयोगी हैं. उन्हें राज्य को नई सरकार देने के लिए तत्काल कदम उठाने चाहिए.
उल्लेखनीय है कि 21 अक्टूबर को 288 सदस्यीय महाराष्ट्र विधानसभा के लिए हुए चुनावों में बीजेपी ने 105 सीटों, शिवसेना ने 56, एनसीपी ने 54 और कांग्रेस ने 44 सीटों पर जीत दर्ज की. लेकिन सरकार अब तक नहीं बन पाई है. 24 अक्टूबर को विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के 14 दिन बाद भी राज्य में सरकार न बन पाने के कारण बीजेपी नेतृत्व अब ज्यादा इंतजार के पक्ष में नहीं है. लेकिन बीजेपी अपने पत्ते नहीं खोल रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 07, 2019 09:16 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

