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Pune Porsche Case: नाबालिग आरोपी की जमानत रद्द, 5 जून तक किशोर गृह में रहेगा

एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में किशोर न्याय बोर्ड (जेजेबी) ने बुधवार को एक नाबालिग की जमानत रद्द कर दी, जिस पर 19 मई को अपनी तेज रफ्तार पोर्श कार से दो लोगों की हत्या करने का आरोप था. उसे 14 दिनों के लिए किशोर पुनर्वास गृह में भेज दिया गया.

Pune Porsche Case: नाबालिग आरोपी की जमानत रद्द, 5 जून तक किशोर गृह में रहेगा
Pune Car Accident Accused Car (Photo Credits ANI)

पुणे (महाराष्ट्र), 22 मई : एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में किशोर न्याय बोर्ड (जेजेबी) ने बुधवार को एक नाबालिग की जमानत रद्द कर दी, जिस पर 19 मई को अपनी तेज रफ्तार पोर्श कार से दो लोगों की हत्या करने का आरोप था. उसे 14 दिनों के लिए किशोर पुनर्वास गृह में भेज दिया गया. जेजेबी का आदेश तीन दिन बाद आया, जब उसने नाबालिग लड़के - पुणे के एक प्रमुख रियाल्टार के बेटे को दुर्घटना के बमुश्किल 15 घंटे बाद जमानत दे दी थी और उसे एक निबंध लिखने, यातायात पुलिस में सेवा करने और इलाज के लिए चिकित्सा सहायता लेने के लिए कहा था. इस हादसे पर राजनीतिक विवाद पैदा हो गया है.

राज्य पुलिस ने जेजेबी के आदेश के खिलाफ सत्र न्यायालय में अपील की, जिसने उसे जेजेबी के पास वापस जाने और पिछले आदेश की समीक्षा करने का निर्देश दिया, जिसे बुधवार को मंजूरी दे दी गई. 17 वर्षीय लड़के की तरफ से पेश वकील प्रशांत पाटिल ने कहा कि अब उसे एक पखवाड़े के लिए किशोर सुधार गृह में रखा जाएगा और इस फैसले से उसकी सुरक्षा सुनिश्चित होने की उम्मीद है, क्योंकि पिछले तीन दिनों से पुणे में उसके और उसके परिवार के खिलाफ व्यापक विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. यह भी पढ़ें : Maharashtra Board 10th Result Update: महाराष्ट्र बोर्ड 10वीं के नतीजे जल्द, वेबसाइट mahahsscboard.in या mahresult.nic.in पर देखें रिजल्ट

अपनी बात साबित करते हुए कि नाबालिग लड़का शराब पीने का आदी था, पुलिस ने होटल के 48,000 रुपये के शराब के बिल पेश किए, जिसका भुगतान उस रेस्‍तरां में किया गया था, जहां वह और उसके दोस्त पार्टी करने गए थे. पुलिस ने यह भी कहा कि हालांकि लड़का नाबालिग है, लेकिन उसने बहुत जघन्य अपराध किया है और पुलिस को मामले में उसके खिलाफ मुकदमा चलाने की अनुमति दी जानी चाहिए. पुणे पुलिस ने जेजेबी को यह भी सूचित किया कि जांचकर्ताओं ने आरोपपत्र में गैर इरादतन हत्या से संबंधित धारा 304 के अलावा आईपीसी की एक नई धारा 185 जोड़कर आरोप बढ़ाए हैं.

संबंधित घटनाक्रम में लड़के के पिता विशाल एस. अग्रवाल को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया, साथ ही तीन अन्य को गिरफ्तार किया गया, जिसमें दो रेस्‍तरां के मालिक और प्रबंधक भी शामिल थे, जहां युवाओं की ब्रिगेड ने शनिवार-रविवार की रात को पार्टी की थी. जानलेवा दुर्घटना, उसके बाद नाबालिग लड़के के साथ कथित विशेषाधिकार प्राप्त व्यवहार और 15 घंटे के भीतर जमानत मिलने पर पुणेवासियों ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. बुधवार दोपहर को लड़के के पिता विशाल अग्रवाल पर स्याही से हमला किया गया.

(The above story first appeared on LatestLY on May 23, 2024 09:48 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).