Uttar Pradesh : कृषि कानून के विरोध में आज भारत बंद , विपक्षी दलों का समर्थन, प्रशासन अलर्ट
कृषि कानून के विरोध में सोमवार को संयुक्त किसान मोर्चा ने भारत बंद की घोषणा की है. इसे यूपी में समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने समर्थन दिया है. जबकि बंदी को लेकर उत्तर प्रदेश में अलर्ट जारी किया गया है.
लखनऊ, 27 सितम्बर: कृषि कानून के विरोध में सोमवार को संयुक्त किसान मोर्चा ने भारत बंद की घोषणा की है. इसे यूपी में समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने समर्थन दिया है. जबकि बंदी को लेकर उत्तर प्रदेश में अलर्ट जारी किया गया है. प्रदेश के मुख्य विपक्षी दल सपा ने ट्वीट के माध्यम से लिखा ,"भाजपा सरकार के काले कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलित किसानों द्वारा कल बुलाए गए भारत बंद का समाजवादी पार्टी पूर्ण समर्थन करती है. किसान विरोधी काले कानूनों को वापस ले सरकार. "बसपा प्रमुख मायावती ने भी ट्वीट कर आज को होने वाले किसानों के भारत बंद को समर्थन देने का एलान किया.
उन्होंने ट्वीट किया, "केंद्र द्वारा जल्दबाजी में बनाए गए तीन कृषि कानूनों से असहमत व दुखी देश के किसान इनकी वापसी की मांग को लेकर लगभग 10 महीने से पूरे देश व खासकर दिल्ली के आसपास के राज्यों में तीव्र आन्दोलित हैं व कल (सोमवार) 'भारत बंद' का आह्वान किया है जिसके शांतिपूर्ण आयोजन को बसपा का समर्थन. "उन्होंने आगे कहा कि साथ ही, केन्द्र सरकार से भी पुन: अपील है कि किसान समाज के प्रति उचित सहानुभूति व संवेदनशीलता दिखाते हुए तीनों विवादित कृषि कानूनों को वापस ले तथा आगे उचित सलाह-मशविरा व इनकी सहमति से नया कानून लाए ताकि इस समस्या का समाधान हो. एडीजी कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया, "अधिकारियों को कहा गया है कि वह भारत बंद को देखते हुए भ्रमणशील रहें. यह भी पढ़े:Bharat Bandh: कृषि कानूनों के विरोध में किसानों का 'भारत बंद' आज, विपक्षी पार्टियों का भी हैं समर्थन, यहां पढ़ें क्या खुला रहेगा और क्या बंद
आमजन को कोई समस्या न हो पाए. जो भी कार्यक्रम हो उसकी वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी जरूर कराएं. रेलवे, बस अड्डे पर सतर्कता बरतें. पश्चिमी यूपी के चप्पे चप्पे में कड़ी सुरक्षा रखी जाए. कहीं कोई शांति न बिगड़ने के आदेश दिए हैं. "संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा कि बंद के दौरान सभी सरकारी और निजी दफ्तर, शिक्षण और अन्य संस्थान, दुकानें, उद्योग और व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहेंगे. बंद से सभी आपात प्रतिष्ठानों, सेवाओं, अस्पतालों, दवा की दुकानों, राहत एवं बचाव कार्य और निजी इमरजेंसी वाले लोगों को बाहर रखा गया है. बंद के दौरान एंबुलेंस और इमरजेंसी सर्विसेज को नहीं रोका जाएगा. गौरतलब है कि केंद्र सरकार के तीन नये कृषि कानूनों के खिलाफ पिछले नौ माह से आंदोलन कर रहे संयुक्त किसान मोर्चा ने पांच सितंबर को मुजफ्फरनगर की किसान महापंचायत में 27 सितंबर को 'भारत बंद' का ऐलान किया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 27, 2021 09:46 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

