देश

Punjab: सीएम चन्नी और सिद्धू में फिर बढ़ी रार? करतारपुर कॉरिडोर न ले जाने पर बिगड़ा मामला

करतारपुर साहिब कॉरिडोर को लेकर सूबे के सीएम चरणजीत सिंह चन्नी और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू फिर से आमने-सामने आ गए हैं. दरअसल सीएम चरणजीत सिंह चन्नी करतारपुर कॉरिडोर के फिर से खुलने के बाद अपनी कैबिनेट के कुछ करीबी साथियों के साथ दर्शन करने पहुंचे. इससे सिद्धू नाराज हो गए हैं.

Punjab: सीएम चन्नी और सिद्धू में फिर बढ़ी रार? करतारपुर कॉरिडोर न ले जाने पर बिगड़ा मामला
नवजोत सिंह सिद्धू (Photo Credits: Twitter)

कोरोना महामारी की वजह से बंद हुए करतारपुर साहिब कॉरिडोर (Kartarpur Corridor) डेढ़ साल बाद एक बार फिर श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया है. इसी के साथ ही पंजाब में राजनीति तेज हो गई है. करतारपुर साहिब कॉरिडोर को लेकर सूबे के सीएम चरणजीत सिंह चन्नी (Charanjit Singh Channi) और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू (Navjot Singh Sidhu) फिर से आमने-सामने आ गए हैं. दरअसल सीएम चरणजीत सिंह चन्नी करतारपुर कॉरिडोर के फिर से खुलने के बाद अपनी कैबिनेट के कुछ करीबी साथियों के साथ दर्शन करने पहुंचे. इससे सिद्धू नाराज हो गए हैं. Punjab Election 2022: पंजाब में सबसे लोकप्रिय सीएम उम्मीदवार के तौर पर नजर आ रहे हैं सीएम चन्नी- सर्वे.

इसके लिए पंजाब के सीएम चरणजीत सिंह चन्नी ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तान सरकार का शुक्रिया अदा किया है. बता दें कि पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी करतारपुर कॉरिडोर के फिर से खुलने के बाद अपनी कैबिनेट के साथ दर्शन करने पहुंचे जिसके बाद ये कॉरिडोर आम लोगों के लिए भी खोल दिया गया.

मिली जानकारी के अनुसार पंजाब सरकार की और से गृह मंत्रालय (MHA) से पहले जत्थे में 50 लोगों को साथ ले जाने की अनुमति मांगी गई थी. 50 लोगों की इस लिस्ट में सीएम चरणजीत सिंह चन्नी ने प्रदेश अध्यक्ष सिद्धू को शामिल नहीं किया. सीएम अपने साथ कुछ करीबी साथियों और परिजनों को लेकर करतारपुर कॉरिडोर पहुंच गए.

सिद्धू के मीडिया सलाहकार सुरिंदर दल्ला ने बताया कि कांग्रेस नेता ने आधिकारिक रूप से कहा है कि वह 18 नवंबर के बजाय 20 नवंबर को जा सकते हैं. अब पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू 20 नवंबर को करतारपुर साहिब जाएंगे.

बता दें कि कोविड-19 वैश्विक महामारी के कारण गुरुद्वारा दरबार साहिब के लिए तीर्थयात्रा करीब 20 महीने से स्थगित थी. सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव की जयंती (19 नवंबर), गुरु परब से पहले केंद्र ने बुधवार से गलियारा फिर से खोलने की मंगलवार को घोषणा की थी.

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 18, 2021 07:50 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).