प्रज्ञा ठाकुर के 'मारक शक्ति' वाले बयान के बाद बीजेपी सख्त, अगली बार कड़ी कार्रवाई की चेतावनी
बीजेपी मध्य प्रदेश के प्रमुख राकेश सिंह ने प्रज्ञा ठाकुर को चेतावनी दी है कि अगर अगली बार प्रज्ञा ठाकुर ने विवादित बयान दिया तो उनपर कड़ी कार्रवाई की जाएगी. पार्टी का मानना है कि जब भी प्रज्ञा ठाकुर कुछ बयान देती हैं तो वह गलती कर बैठती हैं. साथ ही आगे इस तरह के बयान ना दोहराने की हिदायत भी दी गई है.
अपने बयानों से लगातार विवादों में रहने वालीं भोपाल से बीजेपी सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर (Pragya Singh Thakur) को उनके 'मारक शक्ति' वाले बयान के बाद पार्टी की तरफ से नसीहत दी गई है. पार्टी की तरफ से प्रज्ञा ठाकुर को किसी तरह के विवादित बयान ना देने को कहा गया है. बीजेपी की तरफ से यह नसीहत प्रज्ञा ठाकुर के उस बयान के बाद दी गई है जिसमें उन्होंने बीजेपी नेताओं के निधन को विपक्ष की मारक शक्ति बताया था. बीजेपी मध्य प्रदेश के प्रमुख राकेश सिंह (Rakesh Singh) ने प्रज्ञा ठाकुर को चेतावनी दी है कि अगर अगली बार प्रज्ञा ठाकुर ने विवादित बयान दिया तो उनपर कड़ी कार्रवाई की जाएगी. पार्टी का मानना है कि जब भी प्रज्ञा ठाकुर कुछ बयान देती हैं तो वह गलती कर बैठती हैं. साथ ही आगे इस तरह के बयान ना दोहराने की हिदायत भी दी गई है.
बता दें कि हाल ही में प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने बीजेपी नेताओं के निधन पर एक बयान दिया था. उन्होंने कहा था कि बीजेपी नेताओं को नुकसान पहुंचाने के लिए विपक्ष मारक शक्ति का इस्तेमाल कर रहा है. प्रज्ञा ने बीजेपी कार्यालय में पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली और मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर को श्रद्धांजलि देने के लिए आयोजित शोक सभा को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की थी.
क्या था प्रज्ञा ठाकुर का बयान-
प्रज्ञा ठाकुर ने कहा था कि एक बड़ा कठिन समय चल रहा है. मैं जब चुनाव लड़ी, उस समय एक महाराज जी आए, उन्होंने मुझसे कहा, आप अपनी साधना को कम मत करना, साधना का समय बढ़ाते रहना, क्योंकि बहुत बुरा समय है और जो विपक्ष है, कोई ऐसा कार्य कर रहा है, ऐसी मारक शक्ति का प्रयोग कर रहा है जो बीजेपी को नुकसान पहुंचाने के लिए है.
पहले भी दे चुकी हैं कई विवादित बयान-
यह कोई पहला मौका नहीं था जब प्रज्ञा ठाकुर की वजह से बीजेपी की फजीहत हुई है. प्रज्ञा ठाकुर के बयानों की वजह से आए दिन विवाद पैदा होता है. प्रज्ञा ठाकुर उस वक्त भी अपने बयानों से विवादों में घिर गई थीं, जब उन्होंने 26/11 मुंबई आतंकी हमले के शहीद हेमंत करकरे पर बयान दिया था. साध्वी ने हेमंत करकरे को लेकर आरोप लगाया था कि करकरे ने उनके साथ काफी बुरा किया, इसलिए उनके श्राप का असर हेमंत करकरे पर हुआ. करकरे उस टीम का हिस्सा थे, जिसने प्रज्ञा से मालेगांव ब्लास्ट केस में पूछताछ की थी.
प्रज्ञा ठाकुर का महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे को दशभक्त बताने वाला बयान भी काफी विवादों में रहा था. प्रज्ञा ठाकुर ने महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे को देशभक्त बताकर राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया था. एक बार प्रज्ञा ठाकुर ने कहा था कि वह नाला साफ करने या टॉयलेट साफ करने के लिए नहीं चुनी गई हैं. जबकि उनकी पार्टी पीएम मोदी के स्वच्छता मिशन को कामयाब बनाने के लिए दिन-रात काम कर रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 30, 2019 12:25 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

