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Ayodhya Verdict: पीएम मोदी ने देश को संबोधित करते हुए कहा- आज का दिन जोड़ने का है, जुड़ने का है और मिलकर जीने का है

देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अयोध्या विवाद के ऐतिहासिक फैसले के बाद देश को संबोधित करते हुए कहा कि, 'आज सुप्रीम कोर्ट ने एक ऐसे महत्वपूर्ण मामले पर फैसला सुनाया है, जिसके पीछे सैकड़ों वर्षों का एक इतिहास है.

Ayodhya Verdict: पीएम मोदी ने देश को संबोधित करते हुए कहा- आज का दिन जोड़ने का है, जुड़ने का है और मिलकर जीने का है
पीएम मोदी (Photo Credits: ANI)

Ayodhya Verdict: देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने अयोध्या विवाद के ऐतिहासिक फैसले के बाद देश को संबोधित करते हुए कहा कि, 'आज सुप्रीम कोर्ट ने एक ऐसे महत्वपूर्ण मामले पर फैसला सुनाया है, जिसके पीछे सैकड़ों वर्षों का एक इतिहास है. पूरे देश की ये इच्छा थी कि इस मामले की अदालत में हर रोज सुनवाई हो, जो हुई, और आज निर्णय आ चुका है. फैसला आने के बाद जिस प्रकार हर वर्ग ने, हर समुदाय ने, हर पंथ के लोगों ने, पूरे देश ने खुले दिल से इसे स्वीकार किया है, वो भारत की पुरातन संस्कृति, परंपराओं और सद्भाव की भावना को प्रतिबिंबित करता है.'

पीएम मोदी ने आगे कहा कि पूरी दुनिया ये मानती है कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतान्त्रिक देश है, लेकिन आज दुनिया ने ये भी जान लिया है कि भारत का लोकतंत्र कितना जीवंत और मजबूत है. भारत की न्यायपालिका के इतिहास में भी आज का ये दिन एक स्वर्णिम अध्याय की तरह है. इस विषय पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने सबको सुना, बहुत धैर्य से सुना और सर्वसम्मति से फैसला दिया.

सर्वोच्च न्यायालय ने इस फैसले के पीछे दृढ़ इच्छाशक्ति दिखाई है. इसलिए, देश के न्यायधीश, न्यायालय और हमारी न्यायिक प्रणाली अभिनंदन के अधिकारी हैं. आज अयोध्या पर फैसले के साथ ही 9 नवंबर की ये तारीख हमें साथ रहकर आगे बढ़ने की सीख भी दे रही ही है. आज के दिन का संदेश जोड़ने का है-जुड़ने का है और मिलकर जीने का है. यह भी पढ़ें- Ayodhya Verdict: सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सुन्नी वक्फ बोर्ड ने किया स्वागत, कहा- नहीं दायर करेंगे पुनर्विचार याचिका

इन सारी बातों को लेकर कभी भी, कहीं भी किसी के मन में कोई भी कटुता रही हो तो उसे भी तिलांजलि देने का दिन है. नए भारत में भय, कटुता, नकारात्मकता का कोई स्थान नहीं है. अब समाज के नाते, हर भारतीय को अपने कर्तव्य, अपने दायित्व को प्राथमिकता देते हुए काम करना है. हमारे बीच का सौहार्द, हमारी एकता, हमारी शांति, देश के विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण है.

सर्वोच्च अदालत का ये फैसला हमारे लिए एक नया सवेरा लेकर आया है. इस विवाद का भले ही कई पीढ़ियों पर असर पड़ा हो, लेकिन इस फैसले के बाद हमें ये संकल्प करना होगा कि अब नई पीढ़ी, नए सिरे से न्यू इंडिया के निर्माण में जुटेगी. यह भी पढ़ें- Ayodhya Verdict: उद्धव ठाकरे ने कहा- आज ऐतिहासिक दिन, 24 नवंबर को जाऊंगा अयोध्या

बता दें कि आज देश में लंबे समय से चल रहे अयोध्या विवाद मामले पर उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) ने अपना फैसला सुनाया है. प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई (Ranjan Gogoi) की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने विवादित जमीन रामजन्मभूमि न्यास (Ram Janmabhoomi Nyas) को देने का फैसला लिया है, साथ ही यह भी आदेश दिया है कि सूबे में ही मुस्लिम समुदाय के लोगों को भी मस्जिद बनाने के लिए जमीन दी जाएगी.

उच्चतम न्यायालय के इस फैसले के बाद देश के लगभग हर राजनीतिक पार्टियों के नेताओं ने इसका स्वागत किया है, और लोगों से अपील की है कि कोर्ट के फैसले का सम्मान करें.

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 09, 2019 06:39 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).