Nitesh Rane on Uddhav Thackeray: महाराष्ट्र के मंत्री नितेश राणे का उद्धव ठाकरे पर बड़ा हमला, बता दिया 'अविश्वसनीय व्यक्ति'
महाराष्ट्र सरकार के मंत्री नितेश राणे ने कोंकण क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए बैठक की. इस दौरान उन्होंने उद्धव ठाकरे पर निशाना साधते हुए उन्हें 'अविश्वसनीय व्यक्ति' बता दिया. मंत्री नितेश राणे ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, "बैठक का मुख्य उद्देश्य कोंकण की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है.
मुंबई, 11 सितंबर : महाराष्ट्र सरकार के मंत्री नितेश राणे (Nitesh Rane) ने कोंकण क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए बैठक की. इस दौरान उन्होंने उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) पर निशाना साधते हुए उन्हें 'अविश्वसनीय व्यक्ति' बता दिया. मंत्री नितेश राणे ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, "बैठक का मुख्य उद्देश्य कोंकण की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है. इस चर्चा में जयगढ़ बंदरगाह के विकास, कोंकण को काजू, आम और मछली का एक प्रमुख केंद्र बनाने और जल परिवहन से जोड़ने के लिए एक डीपीआर तैयार करने पर विचार किया गया."
उन्होंने कहा कि सांसद राणे भी इसके लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं. वैभववाड़ी-कोल्हापुर रेलमार्ग कोंकण के लिए बहुत महत्वपूर्ण है. राणे ने उद्धव ठाकरे पर निशाना साधते हुए उन्हें 'अविश्वसनीय व्यक्ति' बताया. उन्होंने आरोप लगाया कि जब कांग्रेस के नेता उद्धव ठाकरे के आवास मातोश्री गए थे, तो उद्धव ने उन्हें भगा दिया था. क्या कांग्रेस राज ठाकरे की पार्टी महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के उम्मीदवार को स्वीकार करेगी? उन्होंने कहा, "हमारा देश हिंदू राष्ट्र है. जो औरंगजेब के हैं, उन्हें वापस भेजा जाएगा." यह भी पढ़ें : Tripura: नगर निकाय के बैंक खाते से निकाले गए 16.38 करोड़ रुपये, सरकार ने एसआईटी का किया गठन
जब उनसे पूछा गया कि लोग उनके खिलाफ कोर्ट जा रहे हैं, तो उन्होंने कहा, "यह लोकतंत्र है, किसी को भी अदालत जाने का अधिकार है." उन्होंने रत्नागिरी के लोगों से भगवा मफलर पहनने की अपील की और कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज की लड़ाई इस्लाम और मुसलमानों के खिलाफ थी. उन्होंने कहा कि कोंकण में रोजगार आना चाहिए और किसी भी परियोजना का स्वागत किया जाना चाहिए. उन्होंने आगे बताया कि हम पहले दिन से कह रहे हैं कि आईपीएस अधिकारी रश्मि शुक्ला के खिलाफ साजिश रची जा रही थी और अब यह साबित हो गया है. किसी को परेशान होने की कोई जरूरत नहीं है. ओबीसी आरक्षण को कोई खतरा नहीं होगा.