मेरठ: 'ब्लू ड्रम' हत्याकांड की आरोपी मुस्कान रस्तोगी को गिरफ्तार करने वाली महिला दरोगा अनु रानी निलंबित, आपत्तिजनक VIDEO वायरल होने पर कार्रवाई
मेरठ के बहुचर्चित 'ब्लू ड्रम' हत्याकांड की जांच टीम में शामिल रहीं महिला दरोगा अनु रानी को सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक वीडियो प्रसारित होने के बाद निलंबित कर दिया गया है. मामले में पुलिस की साइबर सेल और विभागीय जांच जारी है.
Anu Rani Viral Video: उत्तर प्रदेश के मेरठ में पुलिस लाइन में तैनात महिला उपनिरीक्षक (SI) अनु रानी को सोशल मीडिया पर एक आपत्तिजनक वीडियो वायरल होने के बाद तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. दरोगा अनु रानी वर्ष 2025 के चर्चित 'ब्लू ड्रम' हत्याकांड (सौरभ राजपूत हत्याकांड) की आरोपी मुस्कान रस्तोगी को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम का हिस्सा रही हैं. मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अविनाश पांडेय ने निलंबन के आदेश जारी किए हैं.
साइबर सेल की जांच और विभागीय समीक्षा
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में एक क्यूआर (QR) कोड दिखाई देने के बाद पुलिस विभाग के प्रशासनिक हलकों में सवाल उठने लगे थे. इसके बाद विभाग ने दोहरी जांच शुरू कर दी है: यह भी पढ़े: Mumbai Woman Cop Misbehaves: मुंबई पुलिस में तैनात महिला सब-इंस्पेक्टर दुर्गा खरड़े की मुश्किलें बढ़ीं, शिकायतकर्ता से दुर्व्यवहार मामले में जांच के आदेश
-
साइबर सेल की जांच: मेरठ पुलिस की साइबर सेल प्रसारित वीडियो की प्रामाणिकता और उसके मेटाडेटा का तकनीकी परीक्षण कर रही है. वीडियो में दिख रहे क्यूआर कोड की भी जांच की जा रही है कि क्या इसके माध्यम से किसी प्रकार का वित्तीय लेनदेन या नियमों का उल्लंघन हुआ है.
-
विभागीय जांच: पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि विभागीय नियमों के उल्लंघन की जांच सीओ स्तर के अधिकारी को सौंपी गई है. जांच रिपोर्ट आने तक दरोगा का निलंबन प्रभावी रहेगा.
पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि अब तक सामने आए किसी भी वीडियो में महिला दरोगा पुलिस वर्दी में नजर नहीं आई हैं, जिसे विभागीय समीक्षा में एक महत्वपूर्ण बिंदु माना जा रहा है.
चर्चित 'ब्लू ड्रम' हत्याकांड से जुड़ा संदर्भ
उपनिरीक्षक अनु रानी 2025 में मर्चेंट नेवी अधिकारी सौरभ राजपूत की हत्या के मामले की जांच के दौरान चर्चा में आई थीं. वह उस पुलिस टीम की सदस्य थीं, जिसने मुख्य आरोपी मुस्कान रस्तोगी और उसके साथी साहिल शुक्ला को गिरफ्तार किया था. यह मामला देशभर की सुर्खियों में रहा था, क्योंकि आरोपियों ने हत्या के बाद शव के टुकड़े कर उसे सीमेंट से भरे नीले ड्रम में छिपा दिया था.
उत्तर प्रदेश पुलिस की सोशल मीडिया नीति
यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा वर्ष 2023 में लागू की गई सख्त सोशल मीडिया नीति के तहत की गई है. इस नीति के अनुसार:
-
ड्यूटी पर तैनात रहने के दौरान लाइव स्ट्रीमिंग या रील्स बनाना प्रतिबंधित है.
-
वर्दी में रहते हुए कोई भी ऐसी सामग्री साझा करना मना है, जिससे पुलिस विभाग की छवि या अनुशासन पर प्रभाव पड़े.
-
व्यक्तिगत सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग इस तरह से नहीं किया जा सकता जो पुलिस बल के पेशेवर आचरण के नियमों का उल्लंघन करता हो.
महिला दरोगा अनु रानी अपने इंस्टाग्राम और यूट्यूब चैनलों पर फिटनेस और वर्कआउट से जुड़े वीडियो साझा करती थीं, जहां उनकी पहचान यूपी पुलिस की अधिकारी के रूप में दर्ज थी. फिलहाल आंतरिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही इस मामले में आगे की कानूनी व विभागीय कार्रवाई तय की जाएगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 18, 2026 02:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

