Tahawwur Rana Photos: जंजीरों में जकड़ा नजर आया तहव्वुर राणा, सामने आईं NIA को सौंपते समय की तस्वीरें
तस्वीर में तहव्वुर राणा की पीठ दिखाई दे रही है, उसकी कमर में जंजीर बंधी है और हाथों में बेड़ियां हैं. चारों तरफ अमेरिकी यूएस मार्शल्स खड़े हैं जो उसे भारतीय अधिकारियों को सौंप रहे हैं.
नई दिल्ली: मुंबई आतंकवादी हमलों (26/11) के सह-साजिशकर्ता तहव्वुर हुसैन राणा (Tahawwur Hussain Rana) को आखिरकार 13 साल बाद भारत लाया गया. गुरुवार को उसे अमेरिकी मार्शलों ने भारतीय अधिकारियों को सौंपा, और अब वह राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की हिरासत में है. उसके भारत लौटने के बाद अब उसकी कुछ तस्वीरें सामने आईं हैं. यह तस्वीर उस वक्त की है, जब कैलिफोर्निया के सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट में अमेरिकी मार्शलों ने मंगलवार को तहव्वुर राणा की हिरासत भारत के विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधियों को सौंपी.
तस्वीर में तहव्वुर राणा की पीठ दिखाई दे रही है, उसकी कमर में जंजीर बंधी है और हाथों में बेड़ियां हैं. चारों तरफ अमेरिकी यूएस मार्शल्स खड़े हैं जो उसे भारतीय अधिकारियों को सौंप रहे हैं. यह तस्वीर अमेरिका के कैलिफोर्निया के सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट की है. इस तस्वीर को US Department of Justice की ओर से जारी किया गया है.
US पुलिस के हाई सिक्योरिटी के घेरे में भारत का दोषी
अब कहां है तहव्वुर राणा?
भारत लाए जाने के बाद तहव्वुर राणा को दिल्ली स्थित NIA मुख्यालय में रखा गया है. उसे ग्राउंड फ्लोर पर बनी एक विशेष हाई-सिक्योरिटी सेल में बंद किया गया है, जो कि 14x14 फीट का कमरा है. इस कमरे में ही उसका बिस्तर जमीन पर लगाया गया है और अंदर ही एक छोटा बाथरूम भी मौजूद है.
कैसे होगी पूछताछ?
इस सेल के तीसरे फ्लोर पर इंटरोगेशन रूम है, जहां उससे पूछताछ होगी. पूरी पूछताछ की जिम्मेदारी DIG जया रॉय के नेतृत्व वाली 12 सदस्यीय टीम को दी गई है. यही टीम उसे अमेरिका से लाने में भी अहम भूमिका निभा चुकी है. पूछताछ के दौरान हर दिन की रिपोर्ट तैयार की जाएगी, जो सीधे शीर्ष अधिकारियों को भेजी जाएगी. NIA का दावा है कि यह पूछताछ मुंबई हमले की पूरी साजिश को उजागर करने में मददगार साबित होगी.
कैसी है सुरक्षा व्यवस्था?
तहव्वुर राणा की सेल में मल्टी-लेयर डिजिटल सिक्योरिटी लगाई गई है. सेल में 24 घंटे गार्ड्स की तैनाती रहेगी. केवल टॉप 12 एनआईए अफसरों को ही भीतर जाने की इजाजत है. राणा को वहीं पर खाना और जरूरत की सारी चीजें दी जाएंगी.
एनआईए कोर्ट ने राणा को 18 दिनों की हिरासत में भेज दिया है, जो 29 अप्रैल तक चलेगी. इस दौरान उससे तीन प्रमुख पहलुओं पर पूछताछ होगी: 26/11 हमलों की साजिश में उसकी भूमिका, लश्कर-ए-तैयबा से संबंध और पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI से जुड़े लिंक.