Cyclone Shakti Live Route Tracking: चक्रवात 'शक्ति' का खतरा! अरब सागर में बन रहा 2025 का पहला तूफान, IMD ने जारी किया अलर्ट
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Cyclone Shakti Live Route Tracking: अरब सागर में साल 2025 का पहला चक्रवाती तूफान बनने वाला है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने इसकी पुष्टि कर दी है. ताज़ा जानकारी के मुताबिक, अरब सागर के उत्तर-पूर्वी हिस्से में एक गहरा दबाव (Deep Depression) बन गया है, जो धीरे-धीरे चक्रवाती तूफान में बदल रहा है.

कहां है और किधर जाएगा ये तूफान?

3 अक्टूबर की सुबह 8:30 बजे यह सिस्टम गुजरात के द्वारका से लगभग 240 किलोमीटर और पोरबंदर से 270 किलोमीटर दूर था. मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 3 घंटों के अंदर यह और ताकतवर होकर एक चक्रवाती तूफान बन जाएगा. इसके बाद अगले 24 घंटों में यह एक 'गंभीर चक्रवाती तूफान' का रूप ले सकता है. शुरुआत में यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम और फिर पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम की ओर बढ़ेगा.

जैसे ही यह तूफान बनेगा, इसे 'शक्ति' नाम दिया जाएगा.

तूफान का नाम 'शक्ति' क्यों रखा गया?

चक्रवाती तूफानों के नाम रखने की एक खास प्रक्रिया है. बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में आने वाले तूफानों का नाम रखने का सिस्टम 2004 में शुरू हुआ था. इस सिस्टम में भारत, बांग्लादेश, मालदीव, म्यांमार, ओमान, पाकिस्तान, श्रीलंका और थाईलैंड जैसे देश शामिल हैं.

चक्रवात 'शक्ति' लाइव ट्रैकिंग-

 

'शक्ति' नाम श्रीलंका ने सुझाया था. यह एक तमिल शब्द है जिसका मतलब 'ताकत' या 'Power' होता है. तूफानों के नाम रखते समय कुछ नियमों का पालन किया जाता है, जैसे:

  • नाम किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला नहीं होना चाहिए.
  • नाम छोटा और आसान होना चाहिए.
  • एक बार इस्तेमाल हो चुका नाम दोबारा इस्तेमाल नहीं किया जाता.

IMD की चेतावनी: मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह

मौसम विभाग ने अरब सागर में तेज हवाएं चलने और समुद्र में ऊंची लहरें उठने की चेतावनी जारी की है.

    • अभी अरब सागर में 55-65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल रही हैं, जो बढ़कर 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं.
    • 3 अक्टूबर की शाम से हवा की रफ्तार 75-85 किमी प्रति घंटे हो जाएगी.
    • 4 अक्टूबर की शाम से 6 अक्टूबर की सुबह तक यह तूफान और खतरनाक हो जाएगा, और हवा की रफ्तार 100-110 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जिसके झोंके 125 किमी प्रति घंटे तक जा सकते हैं.

समुद्र में हालात बहुत खराब रहेंगे. इसलिए, मौसम विभाग ने मछुआरों को 3 अक्टूबर से 6 अक्टूबर के बीच अरब सागर में न जाने की सख्त सलाह दी है.

ओडिशा में बना सिस्टम हुआ कमजोर

एक और अच्छी खबर यह है कि ओडिशा के ऊपर बना गहरा दबाव अब कमजोर होकर एक सामान्य दबाव में बदल गया है और अगले 12 घंटों में यह और भी कमजोर हो जाएगा.