भारत की पहली महिला लड़ाकू विमान पायलट बनकर भावना कंठ ने इतिहास रच दिया है. वायुसेना अधिकारियों के अनुसार भावना ने दिन के समय मिग-21 बाइसन विमान से युद्धक अभियान को अंजाम देने के लिए अभियान का पाठ्यक्रम पूरा कर लिया है. बिहार के दरभंगा जिले की रहने वाली भावना कंठ ने MiG-21 को पूरे दिन अकेले ही उड़ाया. यानी भावना ने लड़ाकू विमान से युद्ध पर जाने की योग्यता हासिल कर ली है. उन्होंने जेट फाइटर प्लेन उड़ाने की ट्रेनिंग ली है और अब वे दिन में इसे उड़ा सकेंगी. जेट फाइटर प्लेन की स्पीड काफी तेज होती है और अब तक इसे महिलाओं को उड़ाने की इजाजत नहीं थी. लेकिन भावना कंठ ने इसे अकेले उड़ाया है. यानी भावना ने लड़ाकू विमान से युद्ध पर जाने की योग्यता हासिल कर लील है. वो वायुसेना के महिला पायलटों के पहले बैच से हैं. अपनी मेहनत और कड़ी लगन से भावना ने ये मुकाम हासिल किया है.
Flight Lt Bhawana Kanth becomes the 1st woman fighter pilot to be qualified to undertake missions by day on a fighter aircraft. She completed Day operational syllabus on MiG-21 Bison aircraft today. She had joined fighter squadron in '17&flew first solo on MiG-21 Bison in Mar '18 pic.twitter.com/TLcp5cz5bz
— ANI (@ANI) May 22, 2019
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वायुसेना के प्रवक्ता ग्रुप कैप्टन अनुपम बनर्जी ने कहा, वह दिन के समय लड़ाकू विमान से अभियान को अंजाम देने के लिए योग्यता हासिल करने वाली पहली महिला लड़ाकू पायलट बन गई हैं. अभी फिलहाल भावना बीकानेर के नाल बेस पर तैनात हैं. एक सैन्य आधिकारी ने बताया कि रात के अभियान प्रशिक्षण में पास होने के बाद उन्हें रात्री के भी अभियानों को अंजाम देने की जिम्मेदार दी जाएगी. बता दें कि भावना साल 2017 में लड़ाकू स्क्वाड्रन में शामिल हुई थीं और पिछले साल मार्च में अकेले मिग-21 बाइसन पर अकेले उड़ान भरी थी.
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1 दिसंबर 1992 को बिहार के बरौनी में जन्मीं भावना कंठ ने 10वीं तक की पढ़ाई बेगूसराय जिले के बरौनी रिफाइनरी के डीएवी स्कूल से पूरी की. उनके पिता इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन में इंजीनियर हैं और मां गृहिणी हैं.













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