देश की खबरें | बिहार में ‘अग्निपथ’ योजना के खिलाफ हिंसक घटनाओं में कमी आई, अब तक 804 लोग गिरफ्तार

पटना, 19 जून सशस्त्र बलों में अल्पकालिक भर्ती के लिए ‘अग्निपथ’ योजना के खिलाफ बिहार में रविवार को हिंसक विरोध प्रदर्शन की घटनाओं में कमी आई। उपद्रवियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई जारी रही और सुरक्षा चिंताओं को देखते हुए ट्रेन सेवाएं प्रभावित रहीं।

पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी एक बयान के अनुसार राज्य में बड़े पैमाने पर हुई हिंसा और आगजनी के सिलसिले में अब तक कुल मिलाकर 804 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

विरोध प्रदर्शनों के संबंध में दर्ज प्राथमिकी की संख्या 145 है और असामाजिक गतिविधियों में शामिल होने या संलिप्त होने के संदेह वाले व्यक्तियों का पता लगाने का अभियान जारी रहा।

पुलिस मुख्यालय की विज्ञप्ति में कहा गया है कि राज्य के 38 में से 17 जिलों में इंटरनेट सेवाएं बंद हैं और कुछ स्थानों पर पुलिस और अर्धसैनिक बलों की भारी तैनाती जारी है।

उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि दोपहर में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुख्य सचिव आमिर सुबहानी और पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) एस. के. सिंघल को अपने आवास पर तलब किया।

पूर्व मध्य रेलवे क्षेत्र (ईसीआर) के जरिये संचालित होने वाली लंबी दूरी की रेलगाड़ियों की आवाजाही को ‘‘एहतियाती कदम’’ के रूप में सुबह चार बजे से स्थगित कर दिया गया है और यह रात में फिर से शुरू होगी।

ईसीआर के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी वीरेंद्र कुमार ने बताया कि इसके परिणामस्वरूप कई ट्रेन रद्द कर दी गई हैं, लेकिन फंसे यात्रियों की सुविधा के लिए उत्तर प्रदेश के दीन दयाल उपाध्याय स्टेशन और झारखंड के धनबाद से आठ विशेष ट्रेन चलाई जा रही हैं।

इसके अलावा, पटना के जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह ने ‘पीटीआई-’ को बताया, “हमने यह सुनिश्चित करने के लिए पूरी व्यवस्था की है कि गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को फिर से खुलने वाले स्कूलों में जाने वाले बच्चों को कोई समस्या न हो।’’

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