देश की खबरें | लापता होने के पांच साल बाद उत्तर प्रदेश का बच्चा ‘दर्पण’ के माध्यम से असम में मिला
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

हैदराबाद, नौ अक्टूबर उत्तर प्रदेश से पांच साल पहले कथित रूप से लापता हुए एक बच्चे का तेलंगाना पुलिस ने चेहरे की पहचान करने वाले उपकरण ‘दर्पण’ के माध्यम से असम में पता लगाया है और उसे उसके परिवार से मिलाया है।

सोम सोनी नामक यह बच्चा जब 14 जुलाई, 2015 को इलाहाबाद में अपने परिवार से बिछड़ गया था तब वह आठ साल का था।

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तेलंगाना की अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (महिला सुरक्षा शाखा) स्वाति लाकड़ा ने शुक्रवार को बताया कि असम के ग्वालपाड़ा में एक बाल गृह में उसका पता चला।

उस साल 23 जुलाई को सोनी ग्वालपाड़ा पुलिस को नजर आया था और उसे स्थानीय बाल कल्याण केंद्र में भर्ती कराया गया था।

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तेलंगाना पुलिस द्वारा विकसित चेहरा पहचान सॉफ्टवेयर ‘दर्पण’ देश के विभिन्न बचाव केंद्रों में रह रहे बच्चों और लोगों का डाटाबेस तैयार रखता है।

लाकड़ा ने बताया कि यह एप लापता लोगों के फोटो का इन केंद्रों में रह रहे लोगों के फोटो से मिलान करता है और तेलंगाना पुलिस ने उसकी मदद से लापता बच्चों के फोटो का देश के विभिन्न बाल कल्याण केंद्रों के बच्चों की तस्वीरें से मिलान किया तब इस बच्चे का पता चला।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि उसके बाद तेलंगाना पुलिस ने उत्तर प्रदेश पुलिस को इसकी सूचना दी जिसने बच्चे के माता-पिता को उसके बारे में जानकारी दी।

पुलिस के अनुसार बच्चे के माता-पिता बाल कल्याण केंद्र गये और अपने बेटे को पहचाना ।

लाकड़ा ने कहा कि देशभर में लापता ऐसे बच्चों का इस उपकरण के माध्यम से पता लगाने एवं उन्हें माता-पिता से मिलाने का प्रयास किया जा रहा है ।

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