जरुरी जानकारी | गो फर्स्ट के खिलाफ दिवाला कार्यवाही की अनुमति को दो और कंपनियों ने चुनौती दी

नयी दिल्ली, 11 मई एयरलाइन कंपनी गो फर्स्ट की स्वैच्छिक दिवाला याचिका स्वीकार करने के राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) के आदेश के खिलाफ पट्टे पर विमान देने वाली दो और कंपनियों- जीवाई एविएशन और एसएफवी एयरक्राफ्ट होल्डिंग ने बृहस्पतिवार को अपीलीय न्यायाधिकरण एनसीएलएटी में याचिका दी है।

गो फर्स्ट के खिलाफ दिवाला कार्रवाई करने की उसकी स्वैच्छिक याचिका को बुधवार को स्वीकार करने के एनसीएलटी के आदेश के कुछ ही घंटे बाद विमान पट्टे पर देने वाली दुनिया की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक एसएमबीसी एविएशन कैपिटल ने इसके खिलाफ राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) में याचिका दाखिल कर दी थी।

आयरलैंड की जीवाई एविएशन नौ विमानों के साथ गो फर्स्ट को विमान पट्टे पर देने वाली सबसे बड़ी कंपनी है, जबकि एसएफवी एयरक्राफ्ट होल्डिंग ने एक विमान पट्टे पर दिया है।

एसएमबीसी एविएशन कैपिटल के गो फर्स्ट के पास पांच विमान हैं।

अब गो फर्स्ट की दिवाला कार्यवाही के खिलाफ एनसीएलएटी में तीन कंपनियां पहुंच चुकी हैं, जिन्होंने गो फर्स्ट को विमान पट्टे पर दिया है।

एनसीएलएटी ने बृहस्पतिवार को एसएमबीसी एविएशन कैपिटल की याचिका पर सुनवाई की। मामले की आंशिक सुनवाई हुई और दो सदस्यीय पीठ शुक्रवार को सुनवाई जारी रखेगी।

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