देश की खबरें | मप्र के मुख्यमंत्री ने अंग दान को प्रोत्साहित करने वाले कदमों की घोषणा की

भोपाल, 10 फरवरी मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोमवार को कहा कि जो लोग अपने अंगदान करते हैं, उनके परिवारों को सरकार स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस जैसे राष्ट्रीय त्योहारों पर सम्मानित करेगी।

यादव ने संवाददाताओं से कहा कि अंग प्रतिरोपण, अंगदान और देहदान जैसी गतिविधियों को प्रोत्साहित करना आवश्यक है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि अंग प्रतिरोपण के लिए एक राज्य स्तरीय संस्थान स्थापित किया जाएगा।

उन्होंने कहा, "दान किए गए शरीर से चिकित्सा शिक्षा में लगभग नौ चिकित्सकों को मदद मिलती है इसलिए मेडिकल कॉलेज में शवों की आवश्यकता होती है। देहदान के महान कार्य के लिए परिवारों में जागरूकता पैदा करने के उद्देश्य से राज्य सरकार महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है।"

उन्होंने कहा, "देहदान की पूर्व सूचना देने वाले व्यक्तियों (परिवारों) को 15 अगस्त और 26 जनवरी को राज्य सरकार द्वारा सम्मानित किया जाएगा और उन्हें आयुष्मान कार्ड जारी किए जाएंगे। गृह विभाग के समन्वय से अंतिम संस्कार के लिए उचित व्यवस्था की जाएगी।"

यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेज में अंगदान और अंग प्रतिरोपण के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनाने के लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। इससे पहले, यादव ने मध्य भारत में हृदय प्रतिरोपण के पहले मरीज दिनेश मालवीय से भोपाल स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में मुलाकात की।

नर्मदापुरम निवासी मालवीय को 22 जनवरी को एम्स भोपाल में भर्ती कराया गया था और अगले दिन उनका हृदय प्रतिरोपण किया गया। यादव ने एम्स भोपाल की सराहना करते हुए कहा कि इसके चिकित्सकों द्वारा की जा रही मानवता की सेवा ने राज्य को गौरवान्वित किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह प्रतिरोपण स्पष्ट रूप से दर्शाता है कि अंगदान कैसे लोगों को जीवन देने का माध्यम बन जाता है।

चिकित्सकों ने बताया कि मालवीय का स्वास्थ्य ठीक है और मंगलवार को उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिलने की उम्मीद है।

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