देश की खबरें | कांग्रेस में ‘अतिथि कलाकार’ हैं थरूर : के. सुरेश
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

तिरुवनंतपुरम, 28 अगस्त कांग्रेस में तत्काल सांगठनिक बदलाव की मांग करते हुए अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी को पत्र लिखने वाले 23 वरिष्ठ नेताओं में शामिल पार्टी सांसद शशि थरूर केरल के कुछ नेताओं के निशाने पर आ गये हैं और एक वरिष्ठ लोकसभा सदस्य ने उन्हें पार्टी में ‘अतिथि कलाकार’ की संज्ञा दे डाली है।

थरूर पर निशाना साधते हुए केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यवाहक अध्यक्ष और लोकसभा में पार्टी के मुख्य सचेतक कोडिकुनिल सुरेश ने शुक्रवार को कहा कि पार्टी में सभी को उसकी नीतियों और कार्यक्रमों के अनुसार काम करना चाहिए।

यह भी पढ़े | NEET-JEE Exams 2020 Row: सीएम ममता बनर्जी ने कहा- पीएम मोदी को ‘मन की बात’ में छात्रों से नीट और जेईई की परीक्षा के बारे में सुझाव लेना चाहिए.

सुरेश के बयान से प्रदेश कांग्रेस इकाई में उथल-पुथल मच गयी है और कई वरिष्ठ नेताओं ने चिंता जताते हुए कहा कि यह ‘थरूर को कमजोर करने की कोशिश’ है।

मावेलीकारा से लोकसभा सदस्य सुरेश ने कहा, ‘‘शशि थरूर निश्चित रूप से नेता नहीं हैं। वह अतिथि कलाकार के तौर पर कांग्रेस में आए थे। वह अब भी अतिथि कलाकार के रूप में पार्टी में बने हुए हैं।’’

यह भी पढ़े | State Bank of India: दिनेश कुमार खारा हो सकते हैं एसबीआई के अगले चेयरमैन, बैंक बोर्ड ब्यूरो ने की सिफारिश.

सुरेश ने कहा कि थरूर ‘वैश्विक नागरिक’ हो सकते हैं लेकिन उन्हें यह नहीं सोचना चाहिए कि वह कोई भी निर्णय ले सकते हैं या अपनी इच्छा से कुछ भी कह सकते हैं।

सुरेश ने एक सवाल के जवाब में यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘अंतत: उन्हें पार्टी के हिसाब से चलना होगा।’’

सुरेश के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए वरिष्ठ पार्टी विधायक पी टी थॉमस ने कहा कि केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) ने स्पष्ट कहा है कि केरल में कांग्रेस नेतृत्व राष्ट्रीय राजनीति में ए के एंटनी द्वारा अपनाये गये रुख के साथ है।

थॉमस ने फेसबुक पर एक पोस्ट में लिखा, ‘‘हालांकि इसकी आड़ में थरूर को कमजोर करने का कदम दुर्भाग्यपूर्ण है। थरूर जैसी सर्वमान्य शख्सियत का आकलन उनकी अत्यधिक प्रसिद्धि के आधार पर किया जाना चाहिए।’’

केपीसीसी उपाध्यक्ष वी डी सतीशन ने कहा, ‘‘थरूर हमारे दुश्मन नहीं हैं।’’

संयुक्त राष्ट्र के पूर्व अधिकारी को वैश्विक पहचान वाला नेता बताते हुए सतीशन ने कहा कि ‘‘थरूर हमारे प्रिय सांसद हैं जो तिरुवनंतपुरम लोकसभा सीट पर फासीवादी ताकतों को तीन बार शिकस्त देने में सफल रहे हैं’’।

उन्होंने कहा, ‘‘माकपा और भाजपा हमारे दुश्मन हैं।’’

सतीशन ने यह भी कहा कि केपीसीसी की राजनीतिक मामलों की समिति ने कांग्रेस कार्य समिति द्वारा लिये गये फैसले का समर्थन करने का निर्णय किया है।

उन्होंने कहा कि सोनिया गांधी को पत्र लिखने वाले थरूर तथा पी जे कुरियन कांग्रेस कार्य समिति द्वारा लिये गये फैसले का समर्थन करेंगे।

विधायक के एस सबरीनाथन और कोझिकोड के पार्टी जिलाध्यक्ष टी सिद्दीक जैसे युवा कांग्रेस नेताओं ने भी थरूर का समर्थन किया।

सुरेश के बयान से एक दिन पहले ही थरूर ने कहा था कि हम सभी का कर्तव्य है कि कांग्रेस के हित में मिलकर काम करें।

थरूर ने बृहस्पतिवार को ट्वीट किया, ‘‘मैं कांग्रेस में हाल की घटनाओं पर चार दिन से चुप था क्योंकि जब एक बार कांग्रेस अध्यक्ष ने कह दिया कि यह अब कोई मुद्दा नहीं रह गया है, तो हम सभी का कर्तव्य है कि हम साथ मिलकर पार्टी के हित में काम करें।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मैं अपने सभी साथियों से इस सिद्धांत को बरकरार रखने और बहस को समाप्त करने का अनुरोध करता हूं।’’

केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष तथा लोकसभा सांसद के. मुरलीधरन ने भी बृहस्पतिवार को इस मुद्दे पर थरूर पर निशाना साधते हुए उन्हें ‘वैश्विक नागरिक’ कहा था।

केरल में कांग्रेस के कुछ नेता तिरुवनंतपुरम अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे को 50 साल की लीज पर अडानी एंटरप्राइजेज को देने के केंद्र के कदम का खुलकर समर्थन करने के लिए भी थरूर से निराश हैं।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)