देश की खबरें | सुशांत प्रकरण: अदालत ने मादक पदार्थ मामले में जमानत याचिकाओं पर सुनवाई स्थगित की

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. बंबई उच्च न्यायालय ने दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत के सहयोगी सैमुअल मिरांडा और दो अन्य की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई शुक्रवार को स्थगित कर दी।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

मुंबई, 18 सितंबर बंबई उच्च न्यायालय ने दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत के सहयोगी सैमुअल मिरांडा और दो अन्य की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई शुक्रवार को स्थगित कर दी।

मिरांडा और इन दो अन्य लोगों को ‘नार्कोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो’ (एनसीबी) ने अभिनेता की मौत से जुड़े मादक पदार्थ (ड्रग्स) के एक मामले में गिरफ्तार किया था।

यह भी पढ़े | MP Bye-Polls: चुनावों में एक-दूसरे को मात देने के लिए कांग्रेस और बीजेपी को अपनों से ज़्यादा दूसरों पर भरोसा.

अब, मामले की सुनवाई की अगली तारीख 29 सितंबर निर्धारित की गई है।

न्यायमूर्ति सारंग कोतवाल ने कहा कि मादक पदार्थ तस्करी एक गंभीर मुद्दा है और किसी व्यक्ति के पास से मादक पदार्थ बरामद नहीं होने पर भी एनसीबी उसकी जांच कर सकता है।

यह भी पढ़े | पीएम नरेंद्र मोदी ने इजरायल के PM बेंजामिन नेतन्याहू के साथ ही वहां के लोगों को दी रोश हशनाह के मौके पर शुभकामनाएं: 18 सितंबर 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

उन्होंने एनसीबी की ओर से पेश हुए अतिरिक्त सॉलीसीटर जनरल अनिल सिंह से और वादी के वकीलों से अदालत के समक्ष एनडीपीएस एक्ट की धारा 27 (ए) और 37 पर विशेष रूप से दलील पेश करने को कहा।

धारा 27(ए) जब्त किये गये मादक पदार्थ की मात्रा से संबद्ध है जबकि धारा 37 जमानत पर रोक लगाती है।

मिरांडा, सुशांत के घरेलू सहायक दीपेश सांवत और कथित तौर पर ड्रग्स पहुंचाने वाले व्यक्ति अब्दुल बासित परिहार ने जमानत के लिये उच्च न्यायालय का रुख किया था।

पिछले सप्ताह एक विशेष अदालत ने सुशांत की ‘लिव इन पार्टनर’ रह चुकी रिया चक्रवर्ती, उनके भाई शौविक के अलावा सावंत, मिरांडा, परिहार और अन्य आरोपी जैद विलातरा की जमानत याचिकाएं खारिज कर दी थी।

रिया और उनके भाई ने जमानत के लिये उच्च न्यायालय का रुख नहीं किया था।

परिहार के वकील तारक सैयद ने शुक्रवार को उच्च न्यायालय में दलील दी कि एनसीबी ने आरोपियों के पास से कुल 59 ग्राम गांजा ही बरामद किया था, जो वाणिज्यिक मात्रा से कम है।

वाणिज्यिक मात्रा में मादक पदार्थ रखने पर अधिक सजा का प्रावधान है।

उन्होंने दलील दी कि परिहार, मिरांडा और सावंत पर जमानत योग्य अपराधों के तहत मामला दर्ज किया गया है।

न्यायमूर्ति कोतवाल ने कहा कि अगली तारीख में सभी पक्षों को इस बारे में विस्तार से दलील पेश करनी होगी कि क्या बहुत कम मात्रा में ड्रग्स खरीदने पर भी जमानत पर रोक हो सकती है।

उन्होंने यह भी कहा कि एनसीबी ने यदि किसी आरोपी के पास से कुछ भी बरामद नहीं किया है तो भी वह जांच करने के लिये स्वतंत्र है।

न्यायाधीश ने कहा, ‘‘आप डीलर रहे होंगे और इसलिए आपके पास कुछ नहीं रहा होगा। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘मूल विचार यह है कि आपको ड्रग्स तस्करी की चेन तोड़नी होगी...। ’’

याचिकाकर्ताओं ने यह भी दलील दी कि एनसीबी यह प्रदर्शित करने की कोशिश कर रहा है, जैसे कि करोड़ों रुपये रखने वाले सुशांत के पास पैसों की इतनी कमी हो गई थी कि उनकी लिव इन पार्टनर और कर्मचारी को उनके लिये ड्रग्स खरीदनी पड़ी।

अदालत ने कहा कि वह मामले के तथ्यों की पड़ताल 29 सितंबर को करेगी, जो सुनवाई की अगली तारीख है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

Zimbabwe vs West Indies, T20 World Cup 2026 44th Match Weather Update: जिम्बाब्वे बनाम वेस्टइंडीज मुकाबले में बारिश डालेगी खलल या फैंस उठाएंगे पूरे मैच का लुफ्त? यहां जानें मुंबई के मौसम का हाल

India vs South Africa, T20 World Cup 2026 43rd Match Scorecard: अहमदाबाद में दक्षिण अफ्रीका ने टीम इंडिया 76 रनों से दी करारी शिकस्त, मार्को जानसन ने चटकाए 4 विकेट; यहां देखें IND बनाम SA मैच का स्कोरकार्ड

Zimbabwe vs West Indies T20 World Cup Stats: टी20 वर्ल्ड कप में एक दूसरे के खिलाफ कुछ ऐसा रहा है जिम्बाब्वे बनाम वेस्टइंडीज का प्रदर्शन, यहां देखें आंकड़े

India vs South Africa, T20 World Cup 2026 43rd Match Scorecard: अहमदाबाद में दक्षिण अफ्रीका ने टीम इंडिया के सामने रखा 188 रनों का लक्ष्य, डेविड मिलर ने खेली धमाकेदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

\