शिवसेना विधायक ने महाराष्ट्र विधानसभा में प्रधानमंत्री की ‘नकल’ की, बाद में माफी मांगी
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को शिवसेना विधायक भास्कर जाधव पर विधानसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मजाक उड़ाने और कुछ इशारे करने का आरोप लगाया, जिसके बाद विपक्षी विधायकों ने तीखी प्रतिक्रिया जताई और कार्यवाही बाधित हो गई.
मुंबई, 22 दिसंबर : भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को शिवसेना विधायक भास्कर जाधव पर विधानसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मजाक उड़ाने और कुछ इशारे करने का आरोप लगाया, जिसके बाद विपक्षी विधायकों ने तीखी प्रतिक्रिया जताई और कार्यवाही बाधित हो गई. जाधव ने बाद में दो बार के स्थगन के बाद सदन की कार्यवाही शुरू होने पर माफी मांगते हुए कहा कि उनके बोलने का यह स्वाभाविक तरीका है और उन्होंने प्रधानमंत्री के खिलाफ किसी भी असंसदीय शब्द का इस्तेमाल नहीं किया. फडणवीस के आरोप के अनुसार जाधव ने यह टिप्पणी तब की जब बिजली के मुद्दों पर ध्यानाकर्षण नोटिस पर चर्चा चल रही थी. भाजपा विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने जानना चाहा कि राज्य के बिजली मंत्री नितिन राउत 100 यूनिट तक के बिजली शुल्क को माफ करने के अपने वादे से ‘‘पीछे क्यों हट गए.’’ राउत ने कहा कि उन्होंने केवल इतना कहा था कि शुल्क माफ करने पर विचार किया जाएगा. चूंकि बिजली विभाग ने लॉकडाउन अवधि के दौरान ग्राहकों को निर्बाध आपूर्ति प्रदान की, उसी के लिए शुल्क का भुगतान करना होगा.
बिजली मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने भी किसानों से कुछ वादे किए थे लेकिन उन्हें पूरा नहीं किया. इसी दौरान, जाधव ने कथित तौर पर नरेंद्र मोदी की नकल की (जिसके लिए उन्होंने बाद में कहा कि मोदी ने 2014 में प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में कहा था.) फडणवीस ने कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के बारे में जाधव की टिप्पणियों और इशारों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. भाजपा के दूसरे विधायकों ने भी फडणवीस का साथ दिया और कहा कि जाधव ने प्रधानमंत्री का अपमान किया है. भाजपा विधायक खड़े हो गए और जाधव से माफी की मांग की. उप अध्यक्ष नरहरि झिरवाल ने कहा कि वह इस बात की जांच करेंगे कि क्या जाधव ने कोई असंसदीय टिप्पणी की और उसके अनुसार फैसला किया जाएगा. यह भी पढ़ें : Uttarakhand: विधानसभा चुनाव से पहले हरीश रावत ने खोला कांग्रेस के खिलाफ मोर्चा, कहा- अब बहुत हो गया
जल संसाधन मंत्री जयंत पाटिल (राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी) और संसदीय कार्य मंत्री अनिल परब (शिवसेना) ने कहा कि विधानमंडल में सभी दलों के नेताओं का सम्मान किया जाना चाहिए. जाधव ने कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री के खिलाफ कोई टिप्पणी नहीं की.
विधायक ने कहा, ‘‘मैंने केवल उसी के बारे में बात की थी जो नरेंद्र मोदी ने 2014 में कहा था जब वह (भाजपा के) प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार थे.’’विरोध जारी रहने पर जाधव ने कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री के खिलाफ कोई असंसदीय टिप्पणी नहीं की है. उन्होंने कहा, ‘‘मेरे बात करने का तरीका ऐसा है कि मुझसे अनजाने में हाथ से इशारा हो गया. अगर मेरे हाव-भाव से सदन के सदस्यों को ठेस पहुंची है तो मैं माफी मांगता हूं.’’
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 22, 2021 04:07 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

