देश की खबरें | वरिष्ठ पत्रकार आर. गोपीकृष्णन का निधन, कई नेताओं ने जताया शोक

कोट्टयम (केरल), 31 जुलाई वरिष्ठ पत्रकार एवं मलयालम दैनिक अखबार ‘मेट्रो वार्ता’ के प्रधान संपादक आर. गोपीकृष्णन का रविवार को निधन हो गया। वह 65 वर्ष के थे।

उनके पारिवारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी। उनके परिवार में पत्नी और दो बच्चे हैं। वह पिछले कुछ वक्त से अस्वस्थ थे। उन्होंने दोपहर करीब एक बजकर 15 मिनट पर अंतिम सांस ली।

मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन, विपक्ष के नेता वी डी सतीशन, वरिष्ठ कांग्रेस नेता रमेश चेन्नीथला समेत वरिष्ठ नेताओं ने पत्रकार के निधन पर शोक जताया।

विजयन ने अपने शोक संदेश में कहा, ‘‘गोपीकृष्णन ने पत्रकारिता के नीतिशास्त्र और मूल्यों को बरकरार रखा। अपने करियर के दौरान उन्होंने कई दिलचस्प खबरें और साक्षात्कार किए। उन्होंने कई मीडिया संगठनों के साथ काम किया और पत्रकार से लेकर मुख्य संपादक तक के पद पर रहे।’’

सतीशन ने कहा कि वरिष्ठ पत्रकार ने दशकों के अपने अनुभव के साथ पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी जगह बनायी थी। उन्होंने कहा, ‘‘गोपीकृष्णन केरल के पहले पत्रकार थे, जिन्होंने लिट्टे नेता वेलुपिल्लई प्रभाकरन का साक्षात्कार किया था। उन्हें अपने इस साहस के लिए कई पुरस्कार भी मिले थे।’’

चेन्नीथला ने कहा कि गोपीकृष्णन को उत्कृष्ट पत्रकार के तौर पर जाना जाता है।

केरल विधानसभा के अध्यक्ष एम बी राजेश ने गोपीकृष्णन के निधन पर शोक जताया और कहा कि राज्य ने एक ऐसा उत्कृष्ट पत्रकार खो दिया है, जिन्होंने हमेशा इस पेशे के मूल्यों को बनाए रखा।

दैनिक अखबार ‘दीपिका’ से अपने करियर की शुरुआत करने वाले गोपीकृष्णन ने कोट्टायम और नयी दिल्ली में मंगलम के डिप्टी एडिटर के तौर पर काम किया। बाद में उन्होंने केरल कौमुदी दैनिक अखबार के डिप्टी एडिटर की जिम्मेदारी भी संभाली।

उनका पार्थिव शरीर कारितास हॉस्पिटल में रखा गया है और अंतिम संस्कार कोट्टयम में मुटाम्बलाम म्युनिसिपल विद्युत शवदाहगृह में सोमवार को शाम करीब चार बजे किया जाएगा।

गोपीकृष्णन जाने-माने लेखक भी थे। उन्होंने नयी दिल्ली में एक सहकर्मी पत्रकार के साथ मिलकर डैन ब्राउन के मशहूर उपन्यास ‘दा विंची कोड’ का मलयालम में अनुवाद भी किया था।

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