मुंबई, 29 फरवरी अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में बृहस्पतिवार को डॉलर के मुकाबले रुपया 82.91 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर स्थिर रहा। कच्चे तेल की नरम कीमतें और प्रमुख प्रतिद्वन्द्वी मुद्राओं की तुलना में कमजोर डॉलर के कारण रुपये को मिले समर्थन को विदेशी पूंजी की सतत निकासी ने बेअसर कर दिया।
बाजार सूत्रों के अनुसार, शेयर बाजार के सकारात्मक रुख ने रुपये को समर्थन प्रदान किया।
सूत्रों ने कहा कि बाजार भागीदारों ने आज जारी होने वाले सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के आंकड़ों से पहले सतर्क रुख अपनाया।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 82.88 प्रति डॉलर पर खुला। दिन के कारोबार में यह 82.94 प्रति डॉलर के निचले स्तर तक गया। अंत में डॉलर के मुकाबले रुपया 82.91 प्रति डॉलर (अस्थायी) के पूर्वस्तर पर ही बंद हुआ।
बुधवार को रुपया दो पैसे की गिरावट के साथ 82.91 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था।
बीएनपी पारिबा बाय शेयरखान के शोध विश्लेषक अनुज चौधरी ने कहा कि विदेशी संस्थागत निवेशकों की बिकवाली और आयातकों की डॉलर मांग के कारण भारतीय रुपया दबाव में था। हालांकि, सकारात्मक घरेलू बाज़ारों और कमज़ोर अमेरिकी डॉलर ने गिरावट को कम कर दिया।
उन्होंने कहा कि अमेरिकी जीडीपी वृद्धि अनुमान कम होने से अमेरिकी डॉलर में गिरावट आई, जबकि अन्य व्यापक आर्थिक आंकड़े भी निराशाजनक थे।
इस बीच, छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर की स्थिति को दर्शाने वाला डॉलर सूचकांक 0.19 प्रतिशत की गिरावट के साथ 103.78 पर रहा।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड वायदा 0.17 प्रतिशत की गिरावट के साथ 83.54 डॉलर प्रति बैरल के भाव पर था।
बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 195.42 अंक की तेजी के साथ 72,500.30 अंक पर बंद हुआ।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) पूंजी बाजार में शुद्ध बिकवाल रहे। उन्होंने बुधवार को 1,879.23 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
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