नयी दिल्ली, एक अगस्त शिवसेना सहित अन्य विपक्षी सदस्यों के हंगामे की वजह से सोमवार को राज्यसभा की बैठक शुरू होने के महज पांच मिनट के अंदर ही दोपहर बारह बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
हंगामे की वजह से उच्च सदन में आज भी शून्यकाल नहीं हो पाया।
सुबह जैसे ही सदन की कार्यवाही शुरू हुई, सभापति एम वेंकैया नायडू ने आवश्यक दस्तावेज सदन के पटल पर रखवाने के लिए केंद्रीय मंत्री वी के सिंह का नाम पुकारा। सिंह अभी अपनी सीट पर खड़े होकर बोल ही रहे थे कि शिवसेना और तृणमूल कांग्रेस सहित कुछ अन्य विपक्षी दलों के सदस्य आसन के निकट आकर हंगामा और नारेबाजी करने लगे।
नायडू ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि वह जिस मामले को लेकर हंगामा ओर नारेबाजी कर रहे हैं, उसका सदन से कोई लेना देना नहीं है।
अन्य सदस्यों ने अपने अपने मुद्दों को लेकर हंगामा शुरू कर दिया।
सभापति ने शिवसेना सदस्य अनिल देसाई का नाम ले कर कहा कि वह हंगामा न करें और सदन की कार्यवाही चलने दें। कहा, ‘‘आप सदन के बाहर अपना राजनीतिक हिसाब किताब करें।’’
हालांकि, इसके बावजूद सदस्यों का हंगामा जारी रही जिसे देखते हुए सभापति ने कार्यवाही पांच मिनट के भीतर ही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मुंबई की एक चॉल के पुनर्विकास में कथित अनियमितताओं से जुड़े धन शोधन के मामले में शिवसेना सांसद संजय राउत को रविवार को गिरफ्तार किया है। पार्टी की सदस्य प्रियंका चतुर्वेदी ने इस मुद्दे पर तत्काल चर्चा के लिए कार्यस्थगन का नोटिस दिया था।
संसद का मानसून सत्र 18 जुलाई से शुरू हुआ है और विभिन्न मुद्दों पर हंगामे की वजह से कार्यवाही बार बार बाधित होने के चलते अब तक एक बार भी उच्च सदन में शून्यकाल नहीं हो पाया है।
ब्रजेन्द्र
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