देश की खबरें | राष्ट्रपति ने कोविड-19 से निपटने के वास्ते उपकरणों की खरीद के लिए सैन्य अस्पताल को 20 लाख रुपये दिये
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 26 जुलाई करगिल युद्ध में बहादुरी से लड़ने वाले एवं सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को श्रद्धांजलि के रूप में, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने रविवार को यहां स्थित सैन्य अस्पताल को उपकरणों की खरीद के लिए 20 लाख रुपये दिये। इससे कोविड-19 महामारी का प्रभावी रूप से मुकाबला करने में चिकित्सकों एवं अर्धचिकित्सकों को मदद मिलेगी।

एक आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार सैन्य अस्पताल को राष्ट्रपति के योगदान का उपयोग पीएपीआर(पावर्ड एयर प्यूरीर्फाइंग रेस्पिरेटर) की इकाइयों की खरीद के लिए किया जाएगा जो सर्जरी के दौरान चिकित्सा पेशवरों को सांस लेने में सक्षम बनाने तथा उन्हें संक्रमण से सुरक्षा प्रदान करने वाले अत्याधुनिक उपकरण हैं।

यह भी पढ़े | कोरोना को लेकर बड़ी राहत, पिछले 24 घंटे में 36,145 मरीज हुए ठीक: 26 जुलाई 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

इसमें कहा गया है कि यह रोगियों की देखभाल करने के वृहद उद्देश्य को पूरा करेगा तथा उन योद्धाओं की सुरक्षा करेगा जो एक अदृश्य शत्रु से लड़ रहे हैं।

बयान में कहा गया है, ‘‘करगिल युद्ध में बहादुरी से लड़ने वाले एवं सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को श्रद्धांजलि के रूप में, राष्ट्रपति ने आज यहां स्थित सैन्य अस्पताल (रिसर्च एंड रेफरल) को उपकरणों की खरीद के लिए 20 लाख रुपये का चेक दिया, जिससे कोविड-19 महामारी से प्रभावी रूप से मुकाबला करने में चिकित्सकों एवं अर्धचिकित्सकों को मदद मिलेगी।’’

यह भी पढ़े | उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोरोना के रिकॉर्ड 3260 नए मामले आए सामने, कुल 41641 हुए स्वास्थ्य.

करगिल युद्ध में जीत की आज 21वीं वर्षगाठ है जिसे ‘करगिल विजय दिवस’ के रूप में मनाया जाता है।

विज्ञप्ति में कहा गया है कि सैन्य अस्पताल को राष्ट्रपति का योगदान राष्ट्रपति भवन में व्यय में मितव्ययिता बरतने से संभव हो सका है।

इससे पहले, राष्ट्रपति ने राष्ट्रपति भवन में कई उपायों को आरंभ कर व्यय में कमी लाने के लिए निर्देश जारी किए थे।

राष्ट्रपति भवन द्वारा जारी बयान में कहा गया है, ‘‘इस पहल की अगली कड़ी के रूप में, इससे पहले उन्होंने एक लिमोजीन (कई सुविधाओं से लैस एक लंबी कार) खरीदने के प्रस्ताव को स्थगित कर दिया था जिसका उपयोग समारोह संबंधी अवसरों पर किया जाना था।’’

इसमें कहा गया है कि सशस्त्र सेनाओं के सर्वोच्च कमांडर की भूमिका में, राष्ट्रपति का यह कदम सैन्य अस्पताल के अग्रिम पंक्ति के कोविड योद्धाओं का हौसला बढ़ायेगा।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)