Developed India Sankalp Yatra: पारदर्शी व्यवस्था और जन भागीदारी के कारण देश में गरीबी कम हुई- प्रधानमंत्री मोदी
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बृहस्पतिवार को कहा कि उनकी सरकार द्वारा अपनाई गई पारदर्शी व्यवस्था, ईमानदार प्रयासों और जनभागीदारी पर जोर देने की वजह से पिछले नौ साल में करीब 25 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकाला गया है.
नयी दिल्ली, 18 जनवरी : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Narendra Modi) ने बृहस्पतिवार को कहा कि उनकी सरकार द्वारा अपनाई गई पारदर्शी व्यवस्था, ईमानदार प्रयासों और जनभागीदारी पर जोर देने की वजह से पिछले नौ साल में करीब 25 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकाला गया है. ‘विकसित भारत संकल्प यात्रा’ के लाभार्थियों के साथ वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से संवाद के दौरान प्रधानमंत्री ने कहा कि कोई भी यह नहीं सोच सकता था कि भारत में गरीबी कम हो सकती है लेकिन गरीबों ने दिखाया है कि यदि उन्हें संसाधन दिए जाएं तो यह हो सकता है. गरीबी के आंकड़ों में आई गिरावट को रेखांकित करने वाली नीति आयोग की रिपोर्ट का हवाला देते हुए मोदी ने कहा कि भारत ने गरीबों की मदद करने के लिए अन्य देशों के सामने एक मॉडल पेश किया है और दुनिया का ध्यान आकर्षित किया है. उन्होंने कहा कि यह बहुत उत्साहजनक रिपोर्ट है.
मोदी ने कहा कि यात्रा को उनकी कल्पना से परे सफलता मिली है और यह दो महीने में ही एक जन आंदोलन बन गया है. उन्होंने कहा, ‘‘विकसित भारत संकल्प यात्रा पहले 26 जनवरी तक चलने वाली थी लेकिन इसको लोगों का इतना समर्थन मिला है और अब लोगों की मांग हैं कि मोदी की गारंटी वाली गाड़ी हमारे गांव में भी आनी चाहिए. इसलिए मोदी की गारंटी वाली गाड़ी को फरवरी में भी चलाएंगे.’’ उन्होंने कहा कि ‘विकास रथ’ पहले ही 70-80 प्रतिशत पंचायतों तक पहुंच चुका है, जिससे लोगों में यह विश्वास पैदा हुआ है कि कोई भी व्यक्ति इसके लाभ से वंचित नहीं रहेगा. उन्होंने कहा कि यात्रा के दौरान चार करोड़ से अधिक लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया है और टीबी (तपेदिक)के लिए 2.5 करोड़ से अधिक की जांच की गई है. प्रधानमंत्री ने कहा कि लोगों को 50 करोड़ से अधिक ‘आयुष्मान’ कार्ड दिए गए हैं और लगभग 35 लाख किसानों को ‘पीएम किसान योजना’ में शामिल किया गया है. उन्होंने घरों के अलावा पानी, रसोई गैस और बिजली कनेक्शन के साथ लोगों के लिए अच्छे पोषण, स्वास्थ्य और उपचार की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि ये उनके लिए केवल आंकड़े नहीं हैं बल्कि जीवन का एक स्रोत हैं क्योंकि उन्होंने हमेशा कल्याणकारी योजनाओं का शत प्रतिशत कवरेज सुनिश्चित करने की कोशिश की है. यह भी पढ़ें : कांग्रेस सरकार द्वारा आखिरी दौर में किए फैसलों की समीक्षा होगी: राठौड़
उन्होंने इस बात को रेखांकित किया कि कैसे करोड़ों लोगों को बैंक खाते मिले हैं और अपने दम पर कुछ करने के अवसर मिले हैं. मोदी ने कहा कि पिछले 10 वर्षों में चार करोड़ से अधिक गरीब परिवारों को अपना घर मिला है और उनमें से 70 प्रतिशत की मालकिन महिलाएं हैं, जिससे उनका सशक्तीकरण हुआ है. उन्होंने कहा कि गरीबों के लिए घर बनाने की औसत अवधि 300 दिन से घटकर लगभग 100 दिन रह गई है. प्रधानमंत्री ने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देना और किसानों को सशक्त बनाना उनकी सरकार की प्राथमिकता है. उन्होंने कहा, ‘‘भारत तेजी से बदल रहा है. लोगों में आत्मविश्वास, सरकार में विश्वास और एक नए भारत के निर्माण का संकल्प चौतरफा दिखाई दे रहा है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘बीते नौ वर्षों में हमारा प्रयास रहा है कि वंचितों को वरीयता मिले, हर वह नागरिक जो अब तक विकास की मुख्यधारा से दूर रहा है, उसे जोड़ने की कोशिश की जा रही है. हमारा प्रयास ये है कि लोगों को बिना किसी परेशानी के योजनाओं का लाभ मिले, उनके दरवाजे पर मिले. विकसित भारत संकल्प यात्रा इसी सोच का विस्तार है.’’
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 18, 2024 03:20 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

