नयी दिल्ली, एक मई दिल्ली उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे इस बारे में रिपोर्ट दें कि क्या तिहाड़ जेल में कोई कोविड-19 संक्रमित मरीज है और क्या वहां सामाजिक दूरी के नियमों का पालन हो रहा है।
स्वास्थ्य कारणों से जमानत की मांग कर रही 62 वर्षीय एक महिला की याचिका पर वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिये सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति विपिन सांघी और न्यायमूर्ति योगेश खन्ना की एक पीठ ने यह निर्देश दिये।
यह बुजुर्ग महिला अपनी दहेज के लिये अपनी बहू की हत्या के मामले में तिहाड़ जेल में आजीवन कारावास की सजा काट रही है।
अदालत ने नोटिस जारी करते हुए अधिकारियों से कहा कि वे महिला की अंतरिम जमानत याचिका पर जेल के अस्पताल द्वारा तैयार उसकी नवीनतम स्वास्थ्य रिपोर्ट के साथ जवाब दायर करें।
पीठ ने अपने आदेश में कहा, “स्थिति रिपोर्ट में इस बात का स्पष्ट रूप से उल्लेख होना चाहिए कि जेल परिसर के अंदर कोई कोविड-19 मरीज है या नहीं तथा क्या जेल में सामाजिक दूरी के नियमों का पालन हो रहा है। अधिकारियों को इस बारे में भी डॉक्टरों की राय लेनी होगी कि क्या वे महिला के इलाज के लिये उसकी किसी और अस्पताल में जांच या इलाज को जरूरी समझते हैं।”
अदालत ने इस मामले में आगे की सुनवाई के लिये आठ मई की तारीख तय की है।
महिला ने अपनी याचिका में कहा था कि वह उच्च रक्तचाप, तनाव और दिल की बीमारी से ग्रस्त है ऐसे में उसके जेल में कोविड-19 संक्रमित होने का ज्यादा खतरा है जहां सामाजिक दूरी के मानकों का पालन नहीं किया जाता।
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