देश की खबरें | एनआईए ने आतंकवादी समूह की मदद करने के मामले में पूरक आरोपपत्र दाखिल किया

नयी दिल्ली, 15 मई राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा की एक शाखा ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ की गतिविधियों से जुड़े मामले में एक आरोपी के खिलाफ सोमवार को पूरक आरोपपत्र दाखिल किया।

संघीय आतंकवाद रोधी एजेंसी के एक प्रवक्ता ने बताया कि जम्मू के तालाब खटिकन इलाके के रहने वाले फैजल मुनीर उर्फ ‘‘अली भाई’’ इस मामले में आरोपपत्र में नामजद चौथा आरोपी है। एनआईए ने 18 नंवबर 2021 को स्वत: संज्ञान लेते हुए यह मामला दर्ज किया था।

अधिकारियों ने बताया कि एजेंसी ने यहां पटियाला हाउस में विशेष एनआईए अदालत में दाखिल अपने पूरक आरोपपत्र में मुनीर पर भारतीय दंड संहिता, शस्त्र कानून तथा गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम कानून की विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए हैं।

प्रवक्ता ने बताया कि उस पर भारत में आतंकी कृत्यों को अंजाम देने के लिए पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए गिराए जाने वाले आग्नेयास्त्रों और विस्फोटकों को लाने-ले जाने के लिए लश्कर-ए-तैयबा और द रेजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) के पाकिस्तान स्थित जुड़ों के साथ साजिश रचने का आरोप है।

प्रवक्ता ने कहा, ‘‘मुनीर ने भारत में आतंकी कृत्यों को अंजाम देने के लिए इन संगठनों के आतंकवादी कमांडरों और संचालकों को हथियारों तथा विस्फोटकों की खेप पहुंचाने के लिए सीमा पार बैठे अपने आकाओं के साथ एक साजिश रची थी।’’

एनआईए ने पिछले साल 18 जून, नौ नंवबर और 17 दिसंबर को क्रमश: अर्सलान फिरोज उर्फ ‘अर्सलान सौब’’, मुजामिल मुश्ताक भट उर्फ ‘‘हमजा’’ और मुदासिर अहमद डार के खिलाफ एक आरोपपत्र दाखिल किया था।

तीनों आरोपी लश्कर-ए-तैयबा और टीआरएफ के लिए काम करते हुए पाए गए थे और उन पर कानून की विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए गए।

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