नयी दिल्ली, 29 जुलाई छत्तीसगढ़ के विधायक भीमा मंडावी की अप्रैल 2019 में कथित तौर पर प्रतिबंधित संगठन भाकपा (माओवादी) के सदस्यों द्वारा हत्या किये जाने के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
एनआईए प्रवक्ता ने बताया कि एजेंसी ने दंतेवाड़ा के रहने वाले लक्ष्मण जायसवाल, रमेश कुमार कश्यप और कुमारी लिंगे टाटी को मंगलवार को हमले को अंजाम देने के लिये साजोसामान जुटाने में कथित तौर पर माओवादियों की मदद के आरोप में गिरफ्तार किया है। इस हमले में मंडावी और उनके चार सुरक्षाकर्मी मारे गए थे।
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उन्होंने कहा कि भाकपा (माओवादी) के सदस्यों ने वारदात में मारे गए पुलिसकर्मियों के हथियार और गोलाबारूद भी लूट लिये थे।
जगदलपुर में एनआईए की एक विशेष अदालत ने तीनों को सात दिन की हिरासत में एजेंसी को सौंपने का निर्देश दिया।
एनआईए द्वारा 17 मई 2019 को मामले की जांच संभाले जाने से पहले छत्तीसगढ़ पुलिस मामले की जांच कर रही थी। मामले की जांच संभालने के बाद एनआईए ने दो संदिग्धों भीमा टाटी और मडका राम टाटी को 7 अप्रैल 2020 को गिरफ्तार किया था।
प्रवक्ता ने बताया कि नकुलनार में किराने की दुकान चलाने वाले लक्ष्मण जायसवाल उर्फ लक्ष्मण साव ने माओवादियों द्वारा किये गए आईईडी विस्फोट के लिये बिजली के तार, विस्फोटक पदार्थ और अन्य सामग्री उपलब्ध कराई थी। आरोपी रमेश कुमार कश्यप उर्फ रमेश हेमला और कुमारी लिंगे टाटी भी नक्सलियों को साजो-सामान उपलब्ध कराने और पूरी साजिश में शामिल थे।
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