नयी दिल्ली, छह मई भारत और ब्रिटेन के बीच प्रस्तावित द्विपक्षीय निवेश संधि (बीआईटी) के लिए बातचीत अब भी जारी है, क्योंकि दोनों पक्षों को कुछ लंबित मुद्दे सुलझाने हैं। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
मंगलवार को दोनों पक्षों ने मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) और सामाजिक सुरक्षा समझौते (आधिकारिक तौर पर ‘दोहरा अंशदान करार) के लिए बातचीत के समापन की घोषणा की।
अधिकारी ने कहा, “बीआईटी वार्ता अब भी जारी है।”
इससे पहले, तीनों को समानांतर रूप से पूरा करने की योजना थी।
जिन मुद्दों पर कुछ और चर्चा की आवश्यकता हो सकती है, उनमें बीआईटी में ‘सनसेट क्लॉज’ शामिल है।
ये निवेश संधियां एक-दूसरे के देशों में निवेश की सुरक्षा और संवर्धन में मदद करती हैं।
भारत पहले प्रमुख दूरसंचार कंपनी वोडाफोन और केयर्न एनर्जी पीएलसी के खिलाफ करों के पिछली तारीख से शुल्क को लेकर दो अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता मामले हार चुका है।
भारत को अप्रैल, 2000 से दिसंबर, 2024 के दौरान ब्रिटेन से 35.65 अरब डॉलर का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) प्राप्त हुआ है।
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