Tablighi Jamaat case: तबलीगी जमात पर फर्जी खबरों के प्रसारण के आरोप वाली याचिकाओं में एनबीए को पक्ष बनाया जाए-सुप्रीम कोर्ट
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को निर्देश दिया कि मीडिया के एक वर्ग पर दिल्ली में मार्च महीने में तबलीगी जमात के कार्यक्रम को कोविड-19 फैलने की मुख्य वजह बताकर सांप्रदायिक नफरत फैलाने के आरोपों वाली याचिकाओं में न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन (एनबीए) को भी एक पक्ष बनाया जाए।
नयी दिल्ली, 27 मई. उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को निर्देश दिया कि मीडिया के एक वर्ग पर दिल्ली में मार्च महीने में तबलीगी जमात के कार्यक्रम को कोविड-19 फैलने की मुख्य वजह बताकर सांप्रदायिक नफरत फैलाने के आरोपों वाली याचिकाओं में न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन (एनबीए) को भी एक पक्ष बनाया जाए. प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे, न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना और न्यायमूर्ति ऋषिकेश रॉय की पीठ ने केंद्र और भारतीय प्रेस परिषद (पीसीआई) को नोटिस जारी करते हुए कहा कि जब कोई वकील पीठ से मामले को गंभीरता से लेने का अनुरोध करता है, तो वह मामलों को गंभीरता से लेती है.
पीठ ने अधिकारियों से कुछ मीडिया संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई की मांग वाली याचिकाओं पर दो सप्ताह के भीतर जवाब देने तथा उनके द्वारा कथित रूप से केबल टेलीविजन (नियमन) कानून के उल्लंघन के संबंध में की गयी कार्रवाई की जानकारी देने को कहा. याचिकाओं में आरोप लगाया गया है कि तबलीगी जमात के कार्यक्रम को लेकर सांप्रदायिक नफरत फैलाई गयी. पीठ ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सुनवाई के बाद जारी आदेश में कहा, ‘‘याचिकाकर्ताओं (जमीयत उलेमा-ए-हिंद और अन्य) को निर्देश दिया जाता है कि एनबीए को प्रतिवादी पक्ष के तौर पर शामिल किया जाए। सभी प्रतिवादियों को और नये जोड़े गये प्रतिवादियों को भी नोटिस जारी किया जाए.’’यह भी पढ़े | तेलंगाना में 3 साल का बच्चा खुले बोरवेल में गिरा, राहत बचाव कार्य जारी.
पीठ ने कहा कि केंद्र और अन्य को याचिकाओं की प्रतियां भेजी जाएं। न्यायालय ने अगली सुनवाई के लिए 15 जून की तारीख तय की. जमीयत की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता दुष्यंत दवे ने आरोप लगाया कि तबलीगी जमात के मुद्दे के संबंध में फर्जी खबरें बहुतायत में थीं और इनसे देश का सामाजिक ताना-बाना खराब हुआ है. उन्होंने कहा कि इस तरह की फर्जी खबरों का प्रसार एक अपराध है और सख्त कार्रवाई होनी चाहिए.
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(The above story first appeared on LatestLY on May 27, 2020 10:20 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

