जरुरी जानकारी | नाबार्ड ने 2025-26 तक ओडिशा की ऋण क्षमता 2,52,000 करोड़ रुपये आंकी

भुवनेश्वर, 16 फरवरी राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ओडिशा की ऋण क्षमता 2,52,000 करोड़ रुपये रहने का अनुमान लगाया है।

यह अनुमान शनिवार को यहां एक सेमिनार के दौरान जारी बैंक के ‘स्टेट फोकस पेपर’ में लगाया गया।

वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ऋण परियोजना (2,51,952 करोड़ रुपये) पिछले वित्त वर्ष के 2,10,140 करोड़ रुपये से लगभग 20 प्रतिशत अधिक है।

सेमिनार का उद्घाटन करते हुए उपमुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंह देव ने राज्य के प्राथमिकता वाले क्षेत्रों के लिए बैंक ऋण बढ़ाने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि राज्य सरकार भी विभिन्न योजनाओं के माध्यम से इस प्रयास का समर्थन कर रही है।

उन्होंने कहा, “सरकार बुनियादी ढांचे में निवेश कर रही है और कृषि क्षेत्र में वृद्धि को सक्षम बना रही है तथा बैंकों को आगे आकर ऋण उपलब्ध कराना चाहिए ताकि यह आर्थिक लाभ किसानों तक पहुंच सके।”

उन्होंने स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) को समर्थन देने में नाबार्ड की भूमिका तथा अनुदान आधारित उद्यमिता और कौशल विकास कार्यक्रमों के माध्यम से युवा महिलाओं को कौशल प्रदान करने के प्रयासों की भी सराहना की।

उपमुख्यमंत्री ने सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के महत्व पर बल दिया।

उन्होंने बैंकरों से कृषि वृद्धि को गति देने और किसानों की आय बढ़ाने के लिए मूल्य शृंखलाओं और नवीन एवं नए युग की परियोजनाओं को वित्तपोषित करने का भी आग्रह किया।

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