नयी दिल्ली, 11 सितंबर मूडीज इन्वेस्टर्स सर्विस ने चालू वित्त वर्ष में भारत के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 11.5 प्रतिशत की कमी आने का नया अनुमान व्यक्त किया है। इससे पहले मूडीज ने भारतीय अर्थव्यवस्था में चार प्रतिशत की गिरावट का अनुमान लगाया था।
रेटिंग एजेंसी ने शुक्रवार को कहा कि भारत का साख परिवेश निचली वृद्धि, ऊंचे कर्ज तथा कमजोर वित्तीय प्रणाली से प्रभावित हो रहा है। कोरोना वायरस महामारी की वजह से ये जोखिम और बढ़े हैं।
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मूडीज ने कहा, ‘‘अर्थव्यवस्था और वित्तीय प्रणाली में गहरे दबाव से देश की वित्तीय मजबूती में और गिरावट आ सकती है। इससे साख पर दबाव और बढ़ सकता है।’’ मूडीज ने कहा कि उसका अनुमान है कि 2020-21 में भारतीय अर्थव्यवस्था में 11.5 प्रतिशत की गिरावट आएगी।
मूडीज ने कहा है कि हालांकि अगले वित्त वर्ष 2021-22 में भारतीय अर्थव्यवस्था 10.6 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज करेगी। इससे पहले एक वैश्विक रेटिंग एजेंसी फिच ने चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था में 10.5 प्रतिशत की गिरावट का अनुमान लगाया है।
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घरेलू रेटिंग एजेंसियों क्रिसिल और इंडिया रेटिंग्स ने चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था में क्रमश: 9 प्रतिशत और 11.8 प्रतिशत की गिरावट का अनुमान लगाया है।
अजय
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