नयी दिल्ली, एक मई कोरोना वायरस महामारी से उपजे संकट के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को अधिकारियों से कहा कि वे सभी उपभोक्ताओं को बिजली की लगातार आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में काम करें।
एक आधिकारिक बयान के मुताबिक उन्होंने बिजली क्षेत्र और कोविड-19 के उस पर असर के बारे में आयोजित एक बैठक में विभिन्न दीर्घकालिक सुधारों पर भी चर्चा की। इन सुधारों में क्षेत्र की स्थिरता, लचीलापन और कार्यकुशलता बढ़ाने के उपाय शामिल हैं।
मोदी ने अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने में बिजली क्षेत्र के महत्व को रेखांकित किया। बैठक में निजी निवेश को आकर्षित करने के उपायों पर भी चर्चा हुई।
बयान के मुताबिक बैठक के दौरान वितरण कंपनियों की स्थिति में सुधार के उपायों पर भी चर्चा की गई। इन उपायों में दरों को तर्कसंगत बनाने और समय से सब्सिडी जारी करने के साथ ही कामकाज में सुधार शामिल है।
इस दौरान कामकाज को सुगम बनाने, नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने, कोयले की आपूर्ति में लचीलापन लाने, सार्वजनिक-निजी भागीदारी की भूमिका और बिजली क्षेत्र में निवेश को बढ़ाने के उपायों पर भी विचार किया गया।
बयान में कहा गया कि बैठक में गृह मंत्री, वित्त मंत्री और बिजली राज्य मंत्री शामिल हुए।
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