जरुरी जानकारी | औद्योगिक कर्मचारियों की नई सीपीआई श्रृंखला से वेतन वृद्धि की रिपोर्ट को मंत्रालय ने किया खारिज

नयी दिल्ली, 16 अक्टूबर श्रम मंत्रालय ने शुक्रवार को मीडिया में आयी उन रपटों को खारिज कर दिया कि औद्योगिक कर्मचारियों के लिये उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई-आईडब्ल्यू) की नई श्रृंखला आने से सरकारी और औद्योगिक कामगारों के वेतन में बढ़ोतरी होगी।

सीपीआई-आईडब्ल्यू का उपयोग मुख्य रूप से सार्वजनिक उपक्रमों, बैंकों और बीमा कंपनियों समेत संगठित क्षेत्र में काम करने वालों के अलावा सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते को मापने में किया जाता है।

यह भी पढ़े | Ranveer Singh’s car meets with minor accident: रणवीर सिंह की कार को बाइक ने मारी टक्कर, घटना का वीडियो आया सामने.

मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ‘‘केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्रालय ने 16 अक्टूबर 2020 को मीडिया के एक हिस्से में ‘सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा अधिक महंगाई भत्ता’ शीर्षक से प्रकाशित रपटों का खंडन करता है।’’

बयान के अनुसार मंत्रालय ने कभी नहीं कहा कि नए सूचकांक में औद्योगिक श्रमिकों और सरकारी कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी होगी।

यह भी पढ़े | Rahul Gandhi Attack on Modi Government: राहुल गांधी ने ट्वीट कर मोदी सरकार पर किया हमला, कही ये बात.

मंत्रालय से संबद्ध श्रम ब्यूरो, 2016 को आधार वर्ष मानकर औद्योगिक श्रमिकों के लिए 21 अक्टूबर, 2020 को सीपीआई-आईडब्ल्यू की नई श्रृंखला जारी करने जा रहा है। फिलहाल सूचकांक का आधार वर्ष 2001 है।

यह सूचकांक सरकारी कर्मचारी और संगठित क्षेत्र के श्रमिकों को देय महंगाई भत्ते में संशोधन के लिए उपयोग किया जाता है।

बयान के अनुसार हालांकि, श्रम मंत्रालय ने कभी नहीं कहा कि नए सूचकांक से औद्योगिक श्रमिकों और सरकारी कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी होगी। यह नई श्रृंखला के व्यवहार पर निर्भर करेगा और इस समय इसके बारे में भविष्यवाणी करना जल्दबाजी होगा।

सीपीआई-आईडब्ल्यू की नई श्रृंखला अधिक व्यापक होगी क्योंकि इसमें स्वास्थ्य, शिक्षा, खाद्य जैसे 300 से अधिक जिंस शामिल होगी। फिलहाल सूचकांक में 200 जिंस हैं।

साथ ही इसमें देश भर में लगभग 90 विभिन्न केंद्रों से आंकड़े लिये जाएंगे जबकि फिलहाल 77 केंद्रों से आंकड़े जुटाये जाते हैं।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)