विदेश की खबरें | अमेरिका-चीन संकट के बीच मार्कोस ने फिलीपीन में ब्लिंकन से मुलाकात की
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

ब्लिंकन पद संभालने के बाद फिलीपीन की यात्रा करने वाले सर्वोच्च रैंक के पहले अमेरिकी अधिकारी हैं।

हालांकि, सरकारी चैनल पर मनीला के राष्ट्रपति भवन में ब्लिंकन की यात्रा का कोई सीधा प्रसारण नहीं किया गया था। बहरहाल, बाद में एक संक्षिप्त समाचार प्रसारण में अमेरिका के शीर्ष राजनयिक की यात्रा की सूचना दी गयी थी। इस घटना की पूरी कवरेज में मनीला के केवल कुछ पत्रकारों को अनुमति दी गई थी।

राष्ट्रपति कार्यालय ने बाद में मार्कोस जूनियर और ब्लिंकन की परस्पर अभिवादन करते हुए तस्वीरें जारी कीं। दोनों नेता अपने अधिकारियों के साथ बैठक में शामिल हुए।

मार्कोस जूनियर ने बैठक में उल्लेख किया कि वह इस सप्ताह अमेरिकी प्रतिनिधि सभा की अध्यक्ष नैंसी पेलोसी की ताइवान यात्रा से संबंधित घटनाक्रमों के पल-पल बदलते रहने को लेकर हैरान थे।

मार्कोस जूनियर ने राष्ट्रपति भवन द्वारा जारी एक प्रतिलेख के आधार पर कहा, “मुझे नहीं लगता कि इस दौरे ने किसी तरह की प्रगाढ़ता बढ़ाई।”

उन्होंने कहा, “यह दर्शाता है कि न केवल यह क्षेत्र, बल्कि अंतरराष्ट्रीय राजनयिक परिदृश्य कितना अस्थिर है।”

ब्लिंकन ने फिलीपीन के साथ 1951 की पारस्परिक रक्षा संधि और “साझा चुनौतियों पर एक साथ काम करने” के लिए वाशिंगटन की प्रतिबद्धता को दोहराया।

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