ताजा खबरें | लोकसभा ने गुरू तेग बहादुर की शहादत को याद किया

नयी दिल्ली, आठ दिसंबर लोकसभा ने सिख समुदाय के नौवें गुरू तेगबहादुर की शहादत को बुधवार को याद किया और इस मौके पर कांग्रेस सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने गुरू तेग बहादुर के नाम पर दिल्ली में एक राष्ट्रीय विश्वविद्यालय बनाने की मांग की।

शिरोमणि अकाली दल की नेता हरसिमरत कौर बादल ने गुरू तेग बहादुर के शहादत दिवस पर हिंदू धर्म की रक्षा के लिए दिए गए उनके बलिदान को सदन में शून्यकाल के दौरान याद किया।

उन्होंने कहा, ‘‘दुनिया में पहली बार किसी व्यक्ति ने दूसरे धर्म की रक्षा के लिए शहादत दी।’’ पूर्व केंद्रीय मंत्री ने आसन से आग्रह किया कि गुरू तेग बहादुर की शहादत के सम्मान में दो मिनट का मौन रखा जाना चाहिए। यह मांग करते हुए वह आसन के निकट भी पहुंच गईं।

कांग्रेस सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा, ‘‘सिख गुरू ने सबके लिए कुर्बानी दी। गुरू सबके होते हैं। उन्होंने मानवाधिकार, शांति और सौहार्द के लिए कुर्बानी दी थी।’’

उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि गुरू तेग बहादुर के नाम पर दिल्ली में राष्ट्रीय स्तर का विश्वविद्यालय बनाया जाना चाहिए।

भाजपा सांसद एसएस अहलूवालिया ने भी गुरू तेग बहादुर की शहादत का स्मरण किया। उन्होंने कहा कि गुरू तेग बहादुर की शहादत लाल किले के सामने शीशगंज में हुई थी और अंतिम संस्कार संसद के निकट हुआ जहां आज गुरूद्वारा रकाबगंज है।

कांग्रेस सांसद जसबीर सिंह गिल ने कहा कि पंजाब में गुरू तेग बहादुर के नाम पर हस्तशिल्प संस्थान स्थापित किया जाना चाहिए।

कांग्रेस नेता तिवारी मनीष तिवारी ने भी गुरू तेग बहादुर की शहादत का स्मरण किया।

इसके बाद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा, ‘‘उनकी शहादत को सब याद करते हैं।’’

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