जम्मू, 15 अप्रैल जम्मू-कश्मीर की पहली बटालियन जिसने दोनों विश्वयुद्धों में हिस्सा लिया था ने यहां के डलहौजी मिलिट्री स्टेशन में अपनी 150वीं सालगिरह मनायी। रक्षा मंत्रालय के एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
उल्लेखनीय है कि इस बटालियन की स्थापना महाराजा रणबीर सिंह ने 13 अप्रैल 1873 में जम्मू के सतवारी लाइन्स में की थी। इस बटालियन को ‘पुंछ की लड़ाई’ में दिखाई गई बहादुरी के लिए ‘‘ पुंछ के मुक्तिदाता’ की उपाधि प्रदान की गई। इस बटालियन को पुंछ युद्ध सम्मान और जम्मू-कश्मीर थियेटर सम्मान से सम्मानित किया गया है।
रक्षा प्रवक्ता ने बताया, जम्मू-कश्मीर राइफल्स (रघु प्रताप) की पहली बटालियन ने 13 अप्रैल 2022 को अपना 150वां स्थापना दिवस डलहौजी मिलिट्री स्टेशन में मनाया।’’
उन्होंने बताया कि उत्तरी कमान के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और अवकाश प्राप्त अधिकारी इस समारोह में शामिल हुए, जो शुक्रवार तक चला।
प्रवक्ता ने बताया कि बटालियान के नाम विशेष रिकार्ड है कि इसने दोनों विश्वयुद्धों में हिस्सा लिया और दोनों बार भारतीय मूल के अधिकारियों ने इसका नेतृत्व किया।
उन्होंने बताया कि बटालियन ने पूरी दुनिया में कई युद्धों में अपनी वीरता का प्रदर्शन किया है और इसे पांच युद्ध सम्मान प्राप्त हुए हैं।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY