विदेश की खबरें | इजराइली सेना ने वेस्ट बैंक और गाजा पट्टी में छह फलस्तीनियों को गोली मारी
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

इजराइल के सुरक्षा बलों का दावा है कि मारे गये लोगों में कम से कम तीन उग्रवादी लड़ाके शामिल थे।

अधिकारी के मुताबिक, दोनों पक्षों के बीच जारी हिंसा में मंगलवार देर रात मरने वालों की संख्या चार हो गई थी। इसके बाद, फलस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि उत्तरी वेस्ट बैंक में स्थित जेनिन शरणार्थी शिविर में इजराइली हमले में चार लोगों की मौत हो गई और लगभग 30 अन्य घायल हो गये।

मंत्रालय ने बताया कि एक अन्य शरणार्थी शिविर में हमले में एक और फलस्तीनी की मौत हो गई, जबकि गाजा पट्टी में हिंसा के दौरान इजराइली गोलीबारी में छठे फलस्तीनी की भी मौत हो गई।

इजराइली सेना ने बुधवार को कहा कि अकाबत जबर के शरणार्थी शिविर में रात भर चले अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने एक फलीस्तीनी पर गोलीबारी की, क्योंकि वह उन पर विस्फोटक से हमला कर था।

फलीस्तीन के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि इजराइली सुरक्षा बलों ने हमले में 19 वर्षीय धरगाम अल-अखरास को मार डाला।

इससे पहले, इजराइली सेना ने फलीस्तीनी उग्रवादियों के गढ़ जेनिन शरणार्थी शिविर पर हमला कर उसे तबाह कर दिया। जुलाई में इजराइल ने लगभग दो दशकों बाद वेस्ट बैंक में अपना सबसे गहन अभियान चलाया, जिससे शिविर में व्यापक तबाही हुई।

सेना ने कहा कि सुरक्षा बलों ने अभियान के दौरान मंगलवार को एक आत्मघाती ड्रोन के साथ हमला किया और जेनिन में गोलीबारी की।

सेना ने कहा कि शिविर से बाहर निकलते समय बंदूकधारियों ने गोलीबारी शुरू कर दी, जिससे सेना के ट्रक के नीचे एक विस्फोट हो गया और वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। हालांकि, इसमें कोई सैनिक घायल नहीं हुआ।

सेना ने दावा किया कि जेनिन में मारे गये तीन लोग हमास आतंकवादी समूह या फलस्तीनी इस्लामिक जिहाद के सदस्य थे। उन्होंने उनकी पहचान महमूद अल-सादी (23), महमूद अरारावी (24) और अता यासर मूसा (29) के रूप में की थी।

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