पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा- भारत को ‘सिंगल यूज’ प्लास्टिक पर वैश्विक पहल शुरू करने में फ्रांस के जुड़ने पर खुशी होगी
मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत हमेशा एक समुद्री सभ्यता रहा है और प्राचीन भारतीय शास्त्र एवं साहित्य समुद्री जीवन सहित महासागरों के उपहारों के बारे में बात करता है. उन्होंने कहा, "आज हमारी सुरक्षा और समृद्धि महासागरों से जुड़ी हुई है. भारत की हिंद प्रशांत महासागर पहल में एक प्रमुख स्तंभ के रूप में समुद्री संसाधन शामिल हैं.
नई दिल्ली: भारत (India) के ‘सिंगल यूज’ प्लास्टिक (Single Use Plastic) को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध होने का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने शुक्रवार को कहा कि इस पर वैश्विक पहल शुरू करने में फ्रांस के शामिल होने से देश को खुशी होगी. मोदी ने एक वीडियो संदेश में ‘वन ओशन’ शिखर सम्मेलन (One Ocean Summit) के उच्चस्तरीय खंड में यह टिप्पणी की. प्रधानमंत्री ने कहा, "भारत ने हाल ही में तटीय क्षेत्रों से प्लास्टिक और अन्य कचरे को साफ करने के लिए एक राष्ट्रव्यापी जागरूकता अभियान चलाया. तीन लाख युवाओं ने लगभग 13 टन प्लास्टिक कचरा एकत्र किया. मैंने अपनी नौसेना को इस साल समुद्र से प्लास्टिक कचरे को साफ करने के लिए 100 जहाज दिवसों का योगदान करने का भी निर्देश दिया. भारत को सिंगल यूज प्लास्टिक पर वैश्विक पहल शुरू करने में फ्रांस के साथ शामिल होने में खुशी होगी." PM Modi Speech in Lok Sabha: पीएम मोदी का तंज, कहा- कांग्रेस 100 साल तक सत्ता में नहीं आना चाहती, कई चुनाव हारने के बाद भी ‘अहंकार’ में बदलाव नहीं
मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत हमेशा एक समुद्री सभ्यता रहा है और प्राचीन भारतीय शास्त्र एवं साहित्य समुद्री जीवन सहित महासागरों के उपहारों के बारे में बात करता है. उन्होंने कहा, "आज हमारी सुरक्षा और समृद्धि महासागरों से जुड़ी हुई है. भारत की हिंद प्रशांत महासागर पहल में एक प्रमुख स्तंभ के रूप में समुद्री संसाधन शामिल हैं.
भारत राष्ट्रीय अधिकार क्षेत्र से परे जैव विविधता पर एक उच्च महत्वाकांक्षा गठबंधन की फ्रांसीसी पहल का समर्थन करता है. हम इस वर्ष कानूनी रूप से बाध्यकारी अंतरराष्ट्रीय संधि की उम्मीद करते हैं.’’ प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ‘सिंगल यूज’ प्लास्टिक को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है.
शिखर सम्मेलन का आयोजन फ्रांस द्वारा 9-11 फरवरी तक ब्रेस्ट में संयुक्त राष्ट्र और विश्व बैंक के सहयोग से किया जा रहा है. शिखर सम्मेलन का उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय समुदाय को स्वस्थ और टिकाऊ समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण और समर्थन की दिशा में ठोस कार्रवाई करने के लिए प्रेरित करना है. शिखर सम्मेलन के उच्चस्तरीय खंड को कई अन्य देशों और सरकारों के प्रमुखों द्वारा भी संबोधित किया जाएगा.
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(The above story first appeared on LatestLY on Feb 11, 2022 09:45 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

