देश की खबरें | भारत को सीमा पर बहुत सतर्क रहना होगा : बांग्लादेश संकट पर पूर्व उच्चायुक्त ने कहा

नयी दिल्ली, छह अगस्त बांग्लादेश में अशांत हालात के एक बड़ी राजनीतिक उथल-पुथल में तब्दील होने के बीच, पूर्व भारतीय उच्चायुक्त पंकज सरन ने आगाह किया है कि इस संकट के मद्देनजर भारत को सीमा पर ‘‘बहुत सतर्क’’ रहना होगा। साथ ही, उन्होंने जोर देकर कहा कि नयी दिल्ली ‘‘सभी परिस्थितियों के लिए तैयार’’ रहेगी।

वरिष्ठ राजनयिक और बांग्लादेश में भारतीय उच्चायुक्त रहे पंकज सरन के (ढाका में) कार्यकाल के दौरान ही 2015 में भारत की संसद ने ऐतिहासिक भूमि सीमा समझौता (एलबीए) का अनुमोदन किया था।

सरन ने सोमवार को कहा कि पड़ोसी देश में हालात कब सुधरेंगे, इस बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता।

उन्होंने कहा, ‘‘हमें बांग्लादेश के अंदर विभिन्न राजनीतिक ताकतों के बीच कुछ संतुलन बनने का बस इंतजार करना होगा।’’

शेख हसीना (76) ने अपनी सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन के बीच, सोमवार को प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया और देश छोड़ दिया। हजारों प्रदर्शनकारियों ने ढाका में उनके आधिकारिक आवास में लूटपाट और तोड़फोड़ की।

सरन ने 2012 से 2015 तक ढाका में भारत के उच्चायुक्त के रूप में सेवा दी थी। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ हफ्तों से समस्या बनी हुई है और (बांग्लादेश) सरकार इसपर काबू पाने में नाकाम रही है।

उन्होंने कहा, ‘‘पिछले कुछ दिनों में प्रदर्शन काफी बढ़ गया। इसलिए, प्रदर्शनों की रोकथाम करने की दिशा में कुछ निर्णय लिये जाने थे।’’

उन्होंने ‘पीटीआई-’ से कहा , ‘‘मुझे लगता है, स्थिति उस बिंदु पर पहुंच गई जहां यह स्पष्ट था कि कर्फ्यू और अन्य प्रतिबंध पर्याप्त नहीं थे। पुलिस और सुरक्षा बलों की कार्रवाई पर्याप्त नहीं थी और एकमात्र उपाय जो बचा था वह था सेना बुलाना।’’

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