देश की खबरें | किसानों की मदद के लिए भारत अव्वल दर्जे का वैज्ञानिक अनुसंधान चाहता है: मोदी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को विज्ञान को सामाजिक और आर्थिक बदलाव के प्रयासों का महत्वपूर्ण अंग बताते हुए कहा कि उनकी सरकार किसानों को अच्छे उत्पादन के लिए अव्वल दर्जे का वैज्ञानिक अनुसंधान उपलब्ध कराना चाहती है।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, दो अक्टूबर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को विज्ञान को सामाजिक और आर्थिक बदलाव के प्रयासों का महत्वपूर्ण अंग बताते हुए कहा कि उनकी सरकार किसानों को अच्छे उत्पादन के लिए अव्वल दर्जे का वैज्ञानिक अनुसंधान उपलब्ध कराना चाहती है।

गांधी जयंती के दिन वैश्विक भारतीय वैज्ञानिक (वैभव) शिखर सम्मेलन का वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से उद्घाटन करने के बाद अपने संबोधन में मोदी ने ये बातें कहीं।

यह भी पढ़े | केरल: तिरुवनंतपुरम में बढ़ते कोरोना केस की वजह से 31 अक्टूबर तक धारा-144 लागू: 2 अक्टूबर 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने विज्ञान, अनुसंधान और शोध को बढ़ावा देने के लिए कई अहम कदम उठाए हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘अपने किसानों की मदद के लिए हम अव्वल दर्जे का वैज्ञानिक अनुसंधान चाहते हैं। हमारे कृषि अनुसंधान वैज्ञानिकों ने दाल के उत्पादन को बढ़ाने के लिए बहुत कड़ी मेहनत की है। हम बहुत कम मात्रा में दाल का निर्यात कर पाते हैं। हमारा अन्न उत्पादन रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुंचा है।’’

यह भी पढ़े | Hathras Gangrape Case: हाथरस घटना के विरोध में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन, दिल्ली के कई मेट्रो स्टेशन के गेट बंद.

प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर महत्वाकांक्षी आत्मनिर्भर भारत अभियान का भी जिक्र किया और कहा कि इसमें वैश्विक कल्याण की भावना भी निहित है। इसे साकार करने के लिए उन्होंने सभी का समर्थन मांगा।

यह सम्मेलन वैश्विक और प्रवासी भारतीय शोधकर्ताओं और शिक्षाविदों को एक मंच प्रदान करता है। इसका उद्देश्य भारतीय मूल के दिग्गजों को एक मंच पर लाना है जो दुनिया भर के अकादमिक और शोध संस्थाओं से जुड़े हैं।

इस सम्मेलन में 55 देशों के भारतीय मूल के 3000 से अधिक वैज्ञानिक और शिक्षाविद तथा 10 हजार से अधिक प्रवासी वैज्ञानिक और शिक्षाविद शिरकत कर रहे हैं।

ब्रजेन्द्र

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\