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जरुरी जानकारी | विदेशों में तेजी के बीच ज्यादातर तेल-तिलहनों के भाव में सुधार

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. विदेशी बाजारों (मलेशिया और शिकॉगो एक्सचेंज) में मजबूती के रुख के बीच मंगलवार को दिल्ली तेल-तिलहन बाजार में अधिकांश तेल-तिलहन कीमतों में सुधार दिखा। मूंगफली तेल-तिलहन, सोयाबीन तेल, कच्चा पामतेल (सीपीओ), पामोलीन और बिनौला तेल कीमतों में जहां सुधार देखने को मिला वहीं सरसों तेल-तिलहन, सोयाबीन तिलहन के भाव पूर्वस्तर पर रहे।

जरुरी जानकारी | विदेशों में तेजी के बीच ज्यादातर तेल-तिलहनों के भाव में सुधार

नयी दिल्ली, 13 जून विदेशी बाजारों (मलेशिया और शिकॉगो एक्सचेंज) में मजबूती के रुख के बीच मंगलवार को दिल्ली तेल-तिलहन बाजार में अधिकांश तेल-तिलहन कीमतों में सुधार दिखा। मूंगफली तेल-तिलहन, सोयाबीन तेल, कच्चा पामतेल (सीपीओ), पामोलीन और बिनौला तेल कीमतों में जहां सुधार देखने को मिला वहीं सरसों तेल-तिलहन, सोयाबीन तिलहन के भाव पूर्वस्तर पर रहे।

मलेशिया एक्सचेंज में लगभग 2.5 प्रतिशत की तेजी है जबकि शिकॉगो एक्सचेंज कल रात कमजोर बंद हुआ था और फिलहाल यहां दो प्रतिशत की तेजी है।

सूत्रों ने कहा कि वैश्विक बाजारों में आई गिरावट का लाभ उपभोक्ताओं को देने के प्रयास के तहत सरकार द्वारा खाद्य तेल कंपनियों को अधिकतम खुदरा मूल्य (एमआरपी) कम करने के लिए कहने के बाद मदर डेयरी के खाद्य तेल ब्रांड ‘धारा’ ने अपने खाद्य तेलों के एमआरपी में कुछ कमी की है। सूत्रों ने कहा कि धारा ब्रांड ने सूरजमुखी तेल का दाम घटाकर 140 रुपये लीटर किया है जबकि बंदरगाह पर इस शुल्कमुक्त आयातित तेल का थोक दाम लगभग 68 रुपये लीटर है। इस तेल का खुदरा दाम (सारे खर्च और लाभ जोड़कर) अधिक से अधिक 105 से 108 रुपये लीटर होना चाहिये।

सूत्रों ने कहा कि इसी प्रकार सरसों कच्ची घानी तेल का राजस्थान में थोक दाम 90 रुपये लीटर है और इस तेल का खुदरा दाम अधिक से अधिक 115-120 रुपये लीटर होना चाहिये। फिर इसके दाम घटाने के बाद भी 150 रुपये लीटर कैसे बिक रहा है ?

सूत्रों ने कहा कि इसी प्रकार चावल भूसी (राइस ब्रान) तेल का थोक दाम 80-85 रुपये लीटर है तो यह दाम घटाये जाने के बाद भी 160 रुपये लीटर कैसे बिक रहा है? उन्होंने कहा कि सोयाबीन को छोड़कर बाकी सभी देशी तिलहन अपने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से काफी नीचे बिक रहे हैं। इसमें भी लिवाल नहीं मिल रहे क्योंकि पेराई करने में उन्हें नुकसान है क्योंकि सस्ते आयातित तेलों के मुकाबले देशी तेल पेराई करने में महंगे बैठते हैं।

सूरजमुखी तेल जब सोयाबीन से भी 12-14 रुपये प्रति लीटर नीचे हो तो बाकी तेल कहां से मंडियों में खपेंगे?

सूत्रों ने कहा कि जब धारा ब्रांड जैसी तेल कंपनी वैश्विक गिरावट का उचित लाभ ग्राहकों को सुलभ कराने में दिक्कत महसूस करे तो बाकी तेल कंपनियों से क्या उम्मीद की जा सकती है। अगर सरकार खाद्य तेलों के दाम कम रखना सुनिश्चित करना चाहती है तो उसे रिफायनिंग कंपनियों से निविदा मंगवाकर उसे राशन की दुकानों से वितरण करवाना चाहिये और यह काम लगभग 10 दिन में हो जायेगा। इस कदम से बहुत सारी समस्याओं का एकमुश्त समाधान हो सकता है।

सूत्रों ने कहा कि देश में सरसों और सोयाबीन फसल का तिलहन का स्टॉक बचा हुआ है। सरसों के लगभग 80 लाख टन के स्टॉक में से लगभग 30 लाख टन सरसों नमी वाली है और इसे ज्यादा समय रखा नहीं जा सकता और इसके लिए सरकार को तत्काल पहल करते हुए सूरजमुखी और सोयाबीन जैसे खाद्य तेलों पर आयात शुल्क बढ़ा देना चाहिये।

सूत्रों ने कहा कि वर्ष 2020-2021 में सारे नरम तेलों (सॉफ्ट आयल) पर आयात शुल्क 38.5 प्रतिशत था और तब सूरजमुखी तेल का दाम 1,200 डॉलर प्रति टन था। अब जब सूरजमुखी तेल का दाम 880 डॉलर प्रति टन है तो शुल्क मुक्त आयात हो रहा है या बाकी आयात पर आयात शुल्क 5.5 प्रतिशत है। तो ऐसी स्थिति में देशी तेल उद्योग कैसे चलेगा ?

मंगलवार को तेल-तिलहनों के भाव इस प्रकार रहे:

सरसों तिलहन - 4,720-4,820 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली - 6,275-6,335 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) - 15,700 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली रिफाइंड तेल 2,345-2,620 रुपये प्रति टिन।

सरसों तेल दादरी- 9,170 रुपये प्रति क्विंटल।

सरसों पक्की घानी- 1,565 -1,645 रुपये प्रति टिन।

सरसों कच्ची घानी- 1,565 -1,675 रुपये प्रति टिन।

तिल तेल मिल डिलिवरी - 18,900-21,000 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 9,820 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 9,400 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 8,300 रुपये प्रति क्विंटल।

सीपीओ एक्स-कांडला- 8,100 रुपये प्रति क्विंटल।

बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 8,350 रुपये प्रति क्विंटल।

पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 9,400 रुपये प्रति क्विंटल।

पामोलिन एक्स- कांडला- 8,450 रुपये (बिना जीएसटी के) प्रति क्विंटल।

सोयाबीन दाना - 5,065-5,140 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन लूज- 4,840-4,915 रुपये प्रति क्विंटल।

मक्का खल (सरिस्का)- 4,010 रुपये प्रति क्विंटल।

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(The above story first appeared on LatestLY on Jun 13, 2023 09:12 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).