विदेश की खबरें | अगर और हमला न हो तो अमेरिका के साथ परमाणु वार्ता फिर से शुरू करेगा ईरान : ईरानी विदेश मंत्री
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने तेहरान में विदेशी राजनयिकों को दिए भाषण में कहा कि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम के बारे में बातचीत के लिए हमेशा तैयार रहा है और भविष्य में भी तैयार रहेगा, लेकिन ‘‘यह आश्वासन दिया जाना चाहिए कि बातचीत फिर से शुरू होने की स्थिति में यह प्रवृत्ति युद्ध की ओर नहीं ले जाएगी।’’

ईरान के परमाणु और सैन्य स्थलों पर 12 दिनों तक चली इजराइली बमबारी और 22 जून को हुए अमेरिकी हमले का जिक्र करते हुए, अराघची ने कहा कि अगर अमेरिका और अन्य देश ईरान के साथ बातचीत फिर से शुरू करना चाहते हैं, तो ‘‘सबसे पहले, इस बात की पक्की गारंटी होनी चाहिए कि ऐसी कार्रवाइयां दोबारा नहीं होंगी।’’

ईरान के परमाणु प्रतिष्ठानों पर हमले ने बातचीत के आधार पर समाधान तलाशना और भी मुश्किल एवं जटिल बना दिया है।

हमलों के बाद, ईरान ने संयुक्त राष्ट्र परमाणु निगरानी संस्था के साथ सहयोग रोक दिया, जिसके कारण निरीक्षकों को वापस लौटना पड़ा।

अराघची ने कहा कि ईरानी कानून के तहत, देश ईरान के हितों के आधार पर एजेंसी के सहयोग के अनुरोध का ‘‘मामला दर मामला’’ जवाब देगा।

उन्होंने यह भी कहा कि एजेंसी द्वारा किया जाने वाला कोई भी निरीक्षण ईरान की ‘‘सुरक्षा’’ चिंताओं के साथ-साथ निरीक्षकों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘‘हमले वाले परमाणु स्थलों में रेडियोधर्मी तत्वों के प्रसार और युद्ध के बचे हुए गोला-बारूद में विस्फोट का बड़ा खतरा है।’’

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